चेक शर्ट में चंदौली का दीपक, और उससे लिपटा हुआ घायल प्रिंस।
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पूछताछ में रवि प्रताप ने बताया कि विवेक सिंह कट्टा की अभिषेक सिंह प्रिंस से पुरानी दुश्मनी थी। प्रिंस ने विवेक के ऊपर 2013 में जानलेवा हमला किया था। तभी से विवेक सिंह कट्टा और अभिषेक सिंह प्रिंस के बीच दुश्मनी शुरू हो गई थी।
विवेक सिंह कट्टा ने 21 अगस्त को जौनपुर के जलालपुर निवासी प्रभाकर उपाध्याय के गांव में ट्यूबेल पर प्रिंस के हत्या की योजना बनाई। जिसमें रवि प्रताप और विवेक सिंह कट्टा के अलावा विजेंद्र सिंह बब्बू, हेमंत सिंह, अतुल विश्वकर्मा, शाश्वत सिंह, नवीन सिंह समेत गोली मारने वाला शूटर शामिल था। प्रिंस की हत्या की योजना बनाने के बाद सभी गणेशपुर, तरना में एक फ्लैट पर इकट्ठे हुए।
घटना वाले दिन अतुल विश्वकर्मा अपाचे बाइक और विजेंद्र सिंह बब्बू सुपर स्प्लेंडर बाइक व विवेक सिंह कट्टा, हेमंत सिंह, और रवि स्विफ्ट गाड़ी से मकबूल आलम रोड स्थित अभिषेक सिंह प्रिंस के घर के बाहर पहुंचे। प्रिंस जब अपने साथी के साथ बाइक पर बैठकर घर से निकला तो सभी उसके पीछे लग गए।
रास्ते में शूटर कार से उतरकर विजेंद्र सिंह बब्बू की गाड़ी पर बैठ गया और चौकाघाट काली जी मंदिर के पास मौका पाकर शूटर द्वारा अभिषेक सिंह प्रिंस पर अंधाधुंध फायरिंग की गई। जिसमें ट्राली चालक की भी गोली लगने से मौत हो गई और प्रिंस का साथी घायल हो गया। रवि प्रताप सिंह से पूछताछ करने के बाद पुलिस ने उसे जेल भेज दिया। जैतपुरा इंस्पेक्टर शशिभूषण राय ने बताया कि दोहरे हत्याकांड में शामिल अन्य अभियुक्तों की तलाश की जा रही है।
दोहरे हत्याकांड में मुख्य आरोपी विवेक सिंह कट्टा के द्वारा जौनपुर जिला न्यायालय में एक पुराने मामले में सरेंडर करने के बाद बड़ागांव निवासी हेमंत सिंह और जौनपुर जिले के केराकत थाना क्षेत्र निवासी विजेंद्र सिंह बब्बू ने भी वाराणसी जिला न्यायालय में पहले ही समर्पण कर दिया है। वहीं इस मामले में शामिल 25 हजार के इनामी रवि प्रताप सिंह को जैतपुरा पुलिस और क्राइम ब्रांच की टीम ने गिरफ्तार कर लिया है।
इन सारे दांव पेच और पुलिसिया कार्रवाई के बीच घटना को एक माह बीत गया और दोहरे हत्याकांड को अंजाम देने वाले शूटर को अब तक चिह्नित नहीं किया जा सका है। घटना में शामिल आरोपियों से पूछताछ करने के बाद भी अभिषेक सिंह प्रिंस समेत ट्राली चालक बाल्मीकि गौड़ की हत्या करने और प्रिंस के साथी को गोली मारने अज्ञात शूटर के बारे में कोई भी जानकारी हासिल नहीं हो सकी है।
वहीं चर्चा है कि पुलिस के हाथ घटना के बाद कुछ फोटोग्राफ लगे हैं। जिसमें विवेक सिंह कट्टा और कुछ पुलिस वालों के बीच संदिग्ध शूटर भी मौजूद हैं। हालांकि फोटोग्राफ के संबंध में पुलिस कुछ भी करने को तैयार नहीं है।