वाराणसी। विवाहेत्तर संबंध में एक युवक की प्रेमिका ने अपने दूसरे प्रेमी और अन्य लोगों की मदद से उसकी हत्या करा दी। इसके बाद शव को अपने घर के आंगन में सेप्टिक टैंक में डाल दिया। महिला और उसके दूसरे प्रेमी की अनबन हुई तो चार महीने बाद राज खुल गया। बृहस्पतिवार को पुलिस की मौजूदगी में सेप्टिक टैंक से युवक का शव बाहर निकाल कर महिला को गिरफ्तार कर लिया गया। महिला के दूसरे प्रेमी और अन्य लोगों की तलाश की जा रही है।
लालपुर पांडेयपुर थाना अंतर्गत हाशिमपुर क्षेत्र की शिव बिहार कॉलोनी में शीला राजभर रहती है। शीला का एक बेटा लूट के मामले में जेल में बंद है। दो बेटियां घर आती-जाती रहती हैं और एक बेटा बाहर रहता है। शीला के घर से ही कुछ दूरी पर पुराना मोबिल बेचने का काम करने वाले ज्ञानचंद्र पटेल (36) का घर था। ज्ञानचंद्र की पत्नी उसे छोड़ कर बच्चों के साथ कहीं अन्यत्र चली गई है। बीते दो साल से ज्ञानचंद्र अपना अधिकांश समय शीला के पास ही गुजारता था। शीला के घर पर बेनीपुर निवासी ललित राजभर का भी आना-जाना था। ललित और शीला के भी करीबी संबंध थे। ललित और ज्ञानचंद्र दोनों एक-दूसरे का शीला के घर आना-जाना पसंद नहीं करते थे। बताया जाता है कि इसी बीच दो फरवरी 2020 को ज्ञानचंद्र अचानक गायब हो गया था। ज्ञानचंद्र के बड़े भाई रामचंद्र ने 12 फरवरी 2020 को कैंट थाने में उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई। ज्ञानचंद्र के गायब होने के बाद उसके परिजनों और शीला के बीच अक्सर विवाद होता रहता था। इस बीच ललित और शीला की भी अनबन हो गई तो दो दिन पहले उसने कहीं कहा कि ज्ञानचंद्र की हत्या कर दी गई है। बृहस्पतिवार की दोपहर बाद ज्ञानचंद्र के परिजन शीला के घर पहुंचे और सेप्टिक टैंक खोदने लगे तो विवाद शुरू हो गया। शीला की सूचना पर पुलिस पहुंच गई। पुलिस की मौजूदगी में सैप्टिक टैंक से ज्ञानचंद्र का शव निकाल कर पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया गया। एसपी सिटी दिनेश कुमार सिंह ने बताया कि शीला को गिरफ्तार कर लिया गया है। उसकी बेटियों और दामाद की भी तलाश की जा रही है, उनसे पूछताछ की जाएगी। प्रकरण के एक अन्य आरोपी ललित की तलाश पुलिस टीमें कर रही हैं।