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वाराणसी क्राइम ब्रांच एनकाउंटर में आगे, मगर इस काम में काफी पीछे

Thu, 13 Dec 2018 04:53 PM IST
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,वाराणसी
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- फोटो : अमर उजाला
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वाराणसी जिले की क्राइम ब्रांच ने मौजूदा वर्ष में एक दर्जन से ज्यादा इनामी बदमाशों को मुठभेड़ में गिरफ्तार कर जेल भेजा मगर, गंभीर आपराधिक मामलों की विवेचना के मामले में क्राइम ब्रांच का हाल भी थानों की पुलिस के जैसा ही है। हालत यह है कि आईटी एक्ट सहित अपहरण और हत्या जैसे 50 गंभीर आपराधिक वारदातों की तफ्तीश क्राइम ब्रांच के दरोगाओं और इंस्पेक्टरों के पास लंबित पड़ी है। ये विवेचनाएं कब पूरी होंगी, इसका ठोस जवाब अफसरों के पास भी नहीं है।
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मगर, एक बात तय है कि विवेचनाओं के लंबित रहने से पीड़ित पक्ष का हित प्रभावित हो रहा है और न्याय की आस में वो चक्कर काटने को मजबूर हैं। एसपी क्राइम ज्ञानेंद्र नाथ प्रसाद ने कहा कि चौकाघाट फ्लाईओवर हादसे में 15 लोगों की मौत और नेपाली युवतियों से देह व्यापार कराने के मामले में क्राइम ब्रांच ने प्रभावी कार्रवाई कर आरोपियों को जेल पहुंचाया। अन्य गंभीर प्रकरणों की प्रभावी और त्वरित गति से विवेचना करने का निर्देश विवेचकों को दिया गया है। पेश है कुछ ऐसे मामले में जो काफी दिनों से लंबित है। 

सवा साल बीते, बीएचयू बवाल की तफ्तीश अधूरी

बनारस प्रदर्शन - फोटो : SELF
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की शहर में मौजूदगी के दौरान 23 सितंबर 2017 की रात बीएचयू परिसर में जमकर बवाल हुआ था। प्रकरण से संबंधित मुकदमा लंका थाने में दर्ज किया गया और विवेचना क्राइम ब्रांच को सौंप दी गई। तब से लेकर अब तक आरोपियों की गिरफ्तारी तो दूर क्राइम ब्रांच के विवेचक उन्हें चिह्नित भी नहीं कर सके हैं।

आईटी एक्ट में दर्ज मामलों में से एक का भी खुलासा नहीं

cyber crime
आईटी एक्ट के तहत जिले में दर्ज दो दर्जन से ज्यादा प्रकरणों की विवेचना मौजूदा समय में क्राइम ब्रांच के पास लंबित है। इनमें से ज्यादातर मामले बैंक खाते से रुपये उड़ाने से संबंधित हैं और एक साल से ज्यादा पुराने हैं। इन मुकदमों से जुड़े एक भी आरोपी की गिरफ्तारी अब तक न हो सकी और ना ही भुक्तभोगियों के रुपये उन्हें मिले।

हत्या, अपहरण और रंगदारी की जांच भी पूरी नहीं

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गौराकलां निवासी आदर्श गुप्ता 10 जनवरी 2018 को लापता हुआ और अब तक उसका कहीं पता नहीं है। इसी तरह हत्या के पांच, रंगदारी के दो और धोखाधड़ी के दर्जन भर मामलों की तफ्तीश भी क्राइम ब्रांच कर रही है और किसी नतीजे पर नहीं पहुंच सकी है।
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लाखों की चोरी की गुत्थी अनसुलझी

मंडुवाडीह थाना क्षेत्र में बीते जनवरी महीने में लाखों की चोरी का मामला सामने आया। प्रकरण की शिकायत मुख्यमंत्री तक पहुंची तो जांच क्राइम ब्रांच के सुपुर्द कर दी गई। तब से लेकर अब तक क्राइम ब्रांच की सारी कार्रवाई तफ्तीश, सुरागकशी और साक्ष्य संकलन तक ही सीमित है।
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