उन्होंने बताया कि सुरेश प्रजापति का बेटा न तो स्नातक है और न ही उसने कभी दरोगा भर्ती के लिए आवेदन किया है। इसके बावजूद वीडियो के जरिए उन पर रुपये लेने का आरोप लगाया गया। रामआसरे के अनुसार आरोपियों की ओर से उनसे दो लाख रुपये की मांग की जा रही थी। रकम नहीं देने पर गालीगलौज करने के साथ जान से मारने की धमकी भी दी गई।
भाजपा नेता ने आरोप लगाया कि पूरी साजिश उनकी ईमानदार और बेदाग राजनीतिक छवि को नुकसान पहुंचाने के उद्देश्य से रची गई। उन्होंने बताया कि उनकी भाभी जिला पंचायत सदस्य हैं। मामले की शिकायत पुलिस से करते हुए उन्होंने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
थाना प्रभारी अभिजीत सिंह ने बताया कि सुरेश प्रजापति, राहुल यादव दूजा, धर्मेंद्र कुमार मौर्य, विवेक सिंह, सूरज सिंह उर्फ माघे, रामा दुबे, संजय पटेल और अभिषेक प्रजापति के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। अभिषेक प्रजापति सुरेश प्रजापति का पुत्र है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और वीडियो समेत अन्य साक्ष्यों की पड़ताल की जा रही है।