फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

वाराणसी: जीएम समेत आठ कर्मचारियों पर एक करोड़ की धोखाधड़ी में केस, सनसूत्रा आउटलेट में गबन का आरोप; हेरफेर

Wed, 28 Oct 2026 02:29 PM IST
Aman Vishwakarma अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।

सार

विनायक प्लाजा के सनसूत्रा आउटलेट में एक करोड़ रुपये से अधिक के गबन और धोखाधड़ी के आरोप में महाप्रबंधक समेत आठ कर्मचारियों के खिलाफ सिगरा थाने में प्राथमिकी दर्ज हुई है। कंपनी निदेशक ने नकदी, शराब के स्टॉक, बिलिंग और ग्राहक सेवाओं की रकम में हेरफेर का आरोप लगाया है। पुलिस जांच कर रही है।
विज्ञापन
एफआईआर दर्ज। - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मलदहिया स्थित विनायक प्लाजा में संचालित सनसूत्रा आउटलेट के महाप्रबंधक समेत आठ कर्मचारियों के खिलाफ एक करोड़ रुपये से अधिक के गबन और धोखाधड़ी के आरोप में मंगलवार को सिगरा थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई। रघु कुल कृपा हॉस्पिटैलिटी प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक अभिलाष नारायण सिंह की शिकायत पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर मामले की विवेचना शुरू कर दी है।

विज्ञापन


अभिलाष नारायण सिंह ने पुलिस को दी तहरीर में आरोप लगाया कि आउटलेट में पिछले 10 महीनों से लगातार वित्तीय अनियमितताएं की जा रही थीं। उनके मुताबिक, हर महीने आठ से 10 लाख रुपये का गबन किया गया। इस तरह कंपनी को एक करोड़ रुपये से अधिक की आर्थिक क्षति पहुंचाई गई।

तहरीर में तत्कालीन महाप्रबंधक रणवीर सिंह राणा, एआरएम राम सिंह, कार्यकारी कैप्टन मनीष राणा, कैप्टन संजय सिंह पुरसोरा, जीएसए रजत सिंह पुरसोरा, कैशियर संजय साहू, कैप्टन सौम्या जायसवाल और किचन शेफ अंकित कंधारी को आरोपित किया गया है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि सभी ने मिलकर कंपनी की रकम और कारोबार से जुड़े रिकॉर्ड में हेरफेर किया।

विज्ञापन
Trending Videos
विज्ञापन

पुलिस की कार्रवाई जाीर

आरोप के अनुसार, आउटलेट की नकदी, शराब के स्टॉक और बिलिंग रिकॉर्ड में अनियमितताएं की गईं। ग्राहकों से डेकोरेशन, इवेंट और अन्य सेवाओं के लिए प्राप्त रकम कंपनी के खाते में जमा नहीं कराई गई। शिकायत में दावा किया गया है कि यह राशि कर्मचारियों ने अपने पास रख ली। इसके अलावा, गेस्ट रिकॉर्ड और सुरक्षा संबंधी डेटा में भी छेड़छाड़ किए जाने का आरोप लगाया गया है।

शिकायतकर्ता के मुताबिक, यह कथित धोखाधड़ी लंबे समय से चल रही थी, जिससे कंपनी को लगातार वित्तीय नुकसान हुआ। मामले में सिगरा थाने में प्राथमिकी दर्ज होने के बाद पुलिस आरोपों की जांच कर रही है।

सिगरा इंस्पेक्टर शिवाकांत मिश्रा ने बताया कि शिकायत के आधार पर प्राथमिकी दर्ज की गई है। मामले की विवेचना की जा रही है। जांच के बाद ही आरोपों की पुष्टि और पूरे घटनाक्रम की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें