अब कैंट रेलवे स्टेशन पर वंदेभारत जैैसी अत्याधुनिक ट्रेनों का भी रखरखाव हो सकेगा। इसके लिए दो और वाशिंग लाइन व सिक पिट बनाई जाएगी। निर्माण के लिए प्रस्ताव तैयार कर उच्चाधिकारियों को भेजा जा चुका है।
यह वाशिंग लाइन व सिक पिट यूनिवर्सल टाइप की होगी। इसमें वंदेभारत एक्सप्रेस जैसी आधुनिक सुविधाओं से लैस ट्रेनों का भी रखरखाव हो सकेगा। इसके लिए प्लेटफार्म नंबर 10 व 11 की तरफ मंडुवाडीह और लोहता छोर पर दो और वाशिंग लाइन व सिक पिट का निर्माण कराया जाएगा। इसके बनने से लंबी दूरी से आने वाली ट्रेनों का प्राथमिक रखरखाव (छह घंटे), द्वितीय रखरखाव (चार घंटे) और टर्मिनल रखरखाव (तीन घंटे) हो सकेगा। इसमें ट्रेनों की धुलाई और कोचों के पहियों आदि की चेेकिंग की जा सकेंगी।
अब सही जगह पर खड़ी होंगी ट्रेनें
कैंट रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर एक पर ट्रेनें अब सही जगह खड़ी होगी। इसके लिए इंजन स्टाप बोर्ड लगा दिया गया है। प्लेटफार्म नंबर एक पर पीडीडीयू नगर की ओर से आने वाली ट्रेनें अक्सर सही जगह नहीं खड़ी होतीं थीं। इस समस्या की जानकारी शुक्रवार को निरीक्षण करने पहुंचे एडीआरएम लालजी चौधरी को हुई थी। उन्होंने इंजन के लिए स्टॉप बोर्ड लगाने के लिए कहा था। उनके निर्देश पर सोमवार को स्टेशन निदेशक गौरव दीक्षित ने प्लेटफार्म नंबर एक पर बनारस स्टेशन के छोर पर स्टाप सिग्नल के पास बोर्ड लगवा दिया है।
दो और वाशिंग लाइन व सिक पिट का निर्माण होगा। इसमें भविष्य में स्टेशन से शुरू होने वाली वंदेभारत एक्सप्रेस जैसी ट्रेनों का मेंटेनेंस हो सकेगा। इसके लिए प्रस्ताव तैयार कर भेजा गया है।
- गौरव दीक्षित, स्टेशन निदेशक, कैंट