Varanasi News: धुंधली तस्वीरों के सहारे पुलिस इनामी बदमाशों की लाश कर रही है। अताउर उर्फ सिकंदर और शहाबुद्दीन 26 साल से तो विश्वास नेपाली 18 साल से और 14 साल से बीकेडी लापता है।
वाराणसी कमिश्नरेट के रोहनिया क्षेत्र में दरोगा अजय यादव के सीने में गोली मारकर उनकी सरकारी पिस्टल लूटने का आरोपी लल्लन सिंह छह साल से फरार है। अताउर उर्फ सिकंदर और शहाबुद्दीन को पुलिस 26 साल से तलाश रही है। विश्वास नेपाली 18 साल से फरार है। इंद्रदेव सिंह उर्फ बीकेडी की तलाश 14 साल से जारी है।
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जोन के इन बदमाशों की तस्वीरें धुंधली हैं या तो है ही नहीं। अगर बदमाश अचानक सामने आ जाएं, तो भी पुलिस पहचान नहीं सकेगी। अताउर उर्फ सिकंदर और शहाबुद्दीन पर पांच-पांच लाख रुपये का इनाम भी है लेकिन इन बदमाशों की तस्वीरें पुलिस के पास नहीं हैं।
वाराणसी समेत पूर्वांचल में आपराधिक गतिविधियों को अंजाम देने के बाद पुलिस की सख्ती बढ़ी, तो 50 इनामी बदमाश भूमिगत हो गए। इनमें से 16 बदमाश ऐसे हैं जो पिछले दस साल में पुलिस की पकड़ से दूर हैं।
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मुख्तार अंसारी गैंग से जुड़ा अताउर रहमान उर्फ सिकंदर 26 साल से पुलिस को चकमा दे रहा है। वह जीवित है या नहीं इसकी सटीक जानकारी भी पुलिस के पास नहीं है। शहाबुद्दीन भी उसके साथ उसी समय से फरार है। सीबीआई ने दोनों पर पहले दो-दो लाख रुपये का इनाम घोषित किया था जिसे बाद में बढ़ाकर पांच-पांच लाख रुपये कर दिया गया।
गाजीपुर के मोहम्मदाबाद निवासी दोनों बदमाशों का नाम विश्व हिंदू परिषद के कोषाध्यक्ष और कोयला कारोबारी नंदकिशोर रूंगटा के अपहरण और 1997 में उनकी हत्या, कृष्णानंद राय हत्याकांड में सामने आया था। एक लाख रुपये का इनामी बदमाश इंद्रदेव सिंह उर्फ बीकेडी भी पुलिस की पकड़ से दूर है। पूर्व एमएलसी बृजेश सिंह के चचेरे भाई सतीश सिंह की हत्या और धानापुर ब्लॉक प्रमुख अजय सिंह खलनायक पर जानलेवा हमले में बीकेडी वांछित है। पुलिस के पास बीकेडी की कोई तस्वीर नहीं है।
यूपी एसटीएफ और वाराणसी पुलिस 18 साल से विश्वास नेपाली को महज एक फोटो के आधार पर तलाश रही है। अन्नू त्रिपाठी और बंशी यादव की जेल में हत्या के बाद उसका प्रभाव कुछ कम हुआ जिसके बाद उसने माफिया मुन्ना बजरंगी गैंग में शामिल होकर फिर से सक्रियता बढ़ाई थी। इसके बाद वाराणसी समेत पूर्वांचल में उसका आपराधिक ग्राफ तेजी से बढ़ा। साल 2012 में जब वाराणसी पुलिस ने ऋषि पंडित को गिरफ्तार किया, तो उसने बताया था कि विश्वास नेपाली कभी अपने पास मोबाइल नहीं रखता था। वह नेपाल में टूर एंड ट्रेवल्स कारोबार से जुड़ा है।
जोन में 150 दिन में 50 इनामी गिरफ्तार
पिछले पांच महीनों में जोन की पुलिस ने 50 इनामी बदमाशों को गिरफ्तार किया है। इनमें चंदौली के 33, गाजीपुर के 14 और जौनपुर के तीन बदमाश शामिल हैं। इनमें पुरस्कार घोषित, गैंगस्टर एक्ट के आरोपी, पशु तस्कर, शराब तस्कर और चिन्हित माफिया शामिल हैं। जोन में गैंगस्टर एक्ट के तहत 44 बदमाशों का पंजीकरण किया गया जिनमें से नौ की गिरफ्तारी की जा चुकी है।
टॉप-10 बदमाशों में काशी जोन में आदमपुर का अजय चौहान, न्यू ककरमत्ता कॉलोनी भेलूपुर का प्रवीण मिश्रा, वरुणा जोन से राजाबाजार नदेसर का फहीम अंसारी उर्फ रिंकू, बेटावर रोहनिया का गोलू यादव उर्फ सुदीप यादव उर्फ संदीप, खजुरी पांडेयपुर का अभिषेक सिंह उर्फ हनी उर्फ जहर उर्फ राहुल, चोलापुर का राजेश सिंह उर्फ बंटी, सोएपुर लमही लालपुर-पांडेयपुर का श्रीप्रकाश मिश्रा उर्फ झुन्ना पंडित शामिल है।