चंदौली के मुगलसराय कोतवाली क्षेत्र के काली महाल निवासी जावेद का मोबाइल नंबर दिया और बातचीत के दौरान सामान के विवरण दुकान पर नियुक्त कंपनी डेल के प्रतिनिधि आशुतोष पोद्दार को नोट करने को कहा। 382200 का लैपटॉप और प्रिंटर का ऑर्डर किया। समीर ने कहा कि अगले दिन सामान लेगा और चेक से भुगतान करेगा।
26 मार्च की रात विकास नामक व्यक्ति ने आशुतोष को फोन किया कि ड्राइवर बैंक का चेक लेकर जा रहा है, उसे माल दे दीजिएगा। 197600 रुपये का माल समीर के ड्राइवर घनश्याम को दिया। जब उस चेक को बैंक में क्लीयरेंस के लिए लगाया गया तो वह बाउंस हो गया। बैंक से मालूम चला कि संबंधित बैंक खाता पिछले दो साल से बंद है।
बैंक चेक होटल शुभनील के करंट बैंक खाते से संबंधित था। होटल का कोई पता नहीं चला। कूटरचित दस्तावेज के आधार पर खोले गए बैंक खाते का चेक देकर समीर व मनन धवन ने 197600 रुपये हड़प लिए। दोनों ने वाराणसी के कई व्यापारियों से ठगी की है। वहीं, पीड़ित जावेद ने पुलिस को बताया कि समीर और मनन धवन तीन लाख रुपये के सीसी कैमरे समेत अन्य सामान ले गए और गलत चेक दिया।