राज्य मंत्री ने बताया कि जिले में मारवाड़ी अस्पताल, सेवा सदन, बिड़ला अस्पताल, आनंदमयी अस्पताल और रामकृष्ण मिशन चिकित्सालय सहित एक दर्जन अस्पताल ट्रस्ट द्वारा संचालित किए जाते हैं। इसमें अधिकांश बंद पड़े हैं, जबकि यहां मरीजों के इलाज जांच संबंधी सुविधाएं हैं और नॉन कोविड अस्पताल के रूप में शुरू कर दिया जाए तो अन्य रोगों से पीड़ित मरीजों को इलाज में सहायता मिलेगी।
राज्य मंत्री ने जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा से बातचीत कर इन अस्पतालों की सूची तैयार कराने और ट्रस्ट से जुड़े लोगों और प्रबंधकों से बातचीत कर जल्द से जल्द इसे शुरू कराने का भी निर्देश दिया है।