ठंड और कोहरा का प्रकोप खत्म होने के बाद भी ट्रेनों की चाल नहीं बदल सकी है। अभी भी अप और डाउन की ट्रेनें लगातार देरी से चल रही है। ट्रेनों की लेट लतीफी से यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इसको लेकर यात्रियों में रेलवे के प्रति आक्रोश है।
यात्रियों का कहना है कि एक तरफ तो रेलवे हाईस्पीड ट्रेनें चलाने की घोषणा कर रही है। दूसरी तरफ ठंड और कोहरे के कारण ट्रेनों की देरी को रोक नहीं पा रही है। ठंड की शुरुआत होते ही दिसंबर से 28 फरवरी तक पीडीडीयू जंक्शन से होकर गुजरने वाली तीन दर्जन ट्रेनों का परिचालन रद्द कर दिया गया। वहीं एक दर्जन ट्रेनों के फेरों में कमी की गई। इसके बावजूद चल रही ट्रेनों घंटों देरी से चली। शनिवार को अप हिमगिरी एक्सप्रेस एक घंटे, पटना पीडीडीयू मेमू स्पेशल सवा दो घंटे की देरी से स्थानीय स्टेशन पर आई। वहीं डाउन की ओर जाने वाली कोटा पटना और फरक्का एक्सप्रेस ढाई घंटे, झारखंड संपर्क क्रांति एक्सप्रेस आधा घंटे, नंदन कानन एक्सप्रेस एक घंटे, कामाख्या नार्थईस्ट एक्सप्रेस और जोधपुर एक्सप्रेस सवा घंटे, पंजाब मेल तीन घंटे, दून एक्सप्रेस साढ़े तीन घंटे, सीमांचल एक्सप्रेस एक घंटे, नेताजी एक्सप्रेस 35 मिनट, महानंदा एक्सप्रेस डेढ़ घंटे की देरी से आई। इसी तरह कोलकाता विकली एक्सप्रेस ढाई घंटे, नई दिल्ली हावड़ा दुरंतो एक्सप्रेस डेढ़ घंटे, गंगा सतलज एक्सप्रेस दो घंटे की देरी से चली।