घटना की सूचना मिलते ही परिजन भी मौके पर पहुंच गए। बेटे की हालत देखकर मां और बहनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। मृदुल तीन बहनों का इकलौता भाई था। उसकी मां और बहनें (नेहा, कृतिका और हर्षिता) भाई को खोने के सदमे में बार-बार बेहोश हो जा रही थीं। परिवार के इस इकलौते चिराग के बुझने से पूरे घर में मातम पसरा हुआ है।
मृदुल मिश्रा घोसिया स्थित एक कान्वेंट स्कूल में कक्षा आठ का छात्र था और पढ़ाई में भी अच्छा बताया जा रहा है। उसके असमय निधन से स्कूल और गांव के लोगों में भी गहरा दुख है।
घटना की जानकारी मिलते ही थाना चील्ह की पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस आगे की आवश्यक कार्रवाई में जुटी हुई है। नवरात्रि के पहले ही दिन हुए इस हृदयविदारक हादसे ने पूरे गांव को गमगीन कर दिया है। हर किसी की जुबान पर यही सवाल है कि आखिर इतनी छोटी सी लापरवाही ने एक हंसते-खेलते परिवार की खुशियां क्यों छीन लीं?