इसके बाद साइबर अपराधी अपने अन्य साथियों की मदद से अलग-अलग स्थानों पर विभिन्न माध्यमों से ट्रक चालकों से संपर्क करते हैं। साइबर फ्रॉड से एचपी डीटी प्लस डिजिटल कार्ड में क्रेडिट पैसों को अलग-अलग पेट्रोल पंपों पर एचपी डीटी प्लस डिजिटल कार्ड का नंबर बताकर और प्राप्त ओटीपी ट्रक चालकों के माध्यम से साझा कराकर डीजल व पेट्रोल की खरीदारी की जाती है। इसके बदले ट्रक चालकों से नकद राशि प्राप्त कर ली जाती है। साइबर अपराधियों द्वारा नकद रूप में प्राप्त पैसों को अपने कार्य के अनुसार आपस में बांट लिया जाता है।
एसीपी साइबर क्राइम विदुष सक्सेना ने बताया कि बरेका निवासी पीड़ित सुशील कुमार राय ने 30 अगस्त को प्राथमिकी दर्ज कराई थी कि साइबर अपराधियों ने एपीके फाइल डाउनलोड कराकर एचपी डीटी प्लस कार्ड के माध्यम से 6,04,703 रुपये की साइबर ठगी की है, जिसकी विवेचना निरीक्षक गोपालजी कुशवाहा कर रहे हैं।
शेयर मार्केट में मुनाफे का लालच देकर की आठ लाख की ठगी, प्राथमिकी दर्ज
कैंट थाना क्षेत्र में निवेश के नाम पर महिला से आठ लाख रुपये की ठगी कर ली गई। महिला ने आरोपी के खिलाफ कैंट थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई। मूलरूप से गाजीपुर, वर्तमान में टकटकपुर अनौला निवासी आस्था सिंह का आरोप है मलदहिया रघुवीर नगर निवासी कॉलेज में पढ़ने वाला आदित्य यादव ने उसे शेयर मार्केट में मुनाफा कमाने का लालच देकर 13 लाख का निवेश कराया।
मुनाफा नहीं मिलने पर जब रकम वापस मांगी तो देने में टाल मटोल करने लगा। किसी तरह पांच लाख लौटाया और आठ लाख रुपये नहीं दे रहा। कैंट थाना प्रभारी शिवाकांत मिश्र ने बताया कि तहरीर के आधार पर प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है।
कार से मोबिल गिरने का झांसा देकर 5 लाख के आभूषण उड़ाए
सिगरा थाना क्षेत्र के आकाशवाणी के पास टप्पेबाज सराफा व्यवसायी शीतल सेठ को कार से मोबिल गिरने का झांसा देकर आभूषण से भरा बैग लेकर भाग निकला। बृहस्पतिवार की घटना पर पीड़ित शीतल सेठ ने शुक्रवार की रात सिगरा थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई।
पुलिस ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसी कैमरे को खंगाला है। लक्सा थाना क्षेत्र के सिद्धगिरीबाग निवासी शीतल सेठ ने पुलिस को बताया कि वह आभूषण व्यवसायी है। व्यापार के सिलसिले में 11 दिसंबर को सोने की नाक की कील बेचने प्रयागराज जा रहा था। सिगरा इंस्पेक्टर संजय कुमार मिश्रा ने बताया कि आसपास लगे सीसी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है।