पश्चिम बंगाल के हल्दिया से चलकर वाराणसी आ रहा जलपोत एमवी जॉय बासुदेव लगभग 1500 टन क्षमता का है। जल्द ही यह भी काशी पहुंच जाएगा। मंगलवार को यह पटना से काफी आगे आ चुका था। इससे सीमेंट उर्वरक सहित कई सामग्रियां यहां से भेजी जाएंगी। उधर, वन्य जीव बोर्ड से अनुमति मिलने के इंतजार में मालवाहक जहाज वीवी गिरी मंगलवार को दूसरे दिन भी राजघाट स्थित खिड़कियां घाट पर लंगर डाले रहा।
कछुआ सेंचुरी से जहाज के आवागमन की अनुमति के लिए भारतीय अंतरर्देशीय परिवहन प्राधिकरण (आईडब्ल्यूएआई) ने वन्य जीव बोर्ड को आवेदन भेजा है। अनुमति के बाद जहाज को यहां रामनगर ले जाया जाएगा। इस बीच, राजघाट पर यह जहाज लोगों के आकर्षण का केंद्र बन गया। दिन भर लोग जहाज देखने के लिए खिड़किया घाट पहुंचते रहे। लोग जहाज के पास जाकर सेल्फी लेते रहे। डीएफओ मनोज सोनकर ने बताया कि आईडब्ल्यूएआई के आवेदन को वन्य जीव बोर्ड को भेजा गया है। आईडब्ल्यूएआई वाराणसी और हल्दिया का अतिरिक्त प्रभार देख रहे निदेशक रविकांत ने बताया कि ट्रायल रन की तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है।