वाराणसी। युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने के क्रम में मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान योजना के तहत जिला कार्यक्रम प्रबंधन इकाई की बैठक मंगलवार को जिलाधिकारी की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में हुई। जिलाधिकारी एस. राजलिंगम ने बताया कि योजना के तहत उद्योग एवं सेवा क्षेत्र में सूक्ष्म उद्यमों की स्थापना के लिए 21 से 40 वर्ष के आवेदक जो किसी भी प्रशिक्षण योजना अंतर्गत कौशल प्रशिक्षण प्राप्त हैं, वह पात्र होंगे। न्यूनतम शैक्षिक योग्यता आठवीं होगी। 5 लाख तक की परियोजना पर 10 प्रतिशत मार्जिन मनी व ब्याज मुक्त ऋण दिया जाएगा। वाराणसी के आवेदकों को 10 प्रतिशत अंशदान जमा करना होगा। ब्याज उपादान त्रैमासिक आधार पर किया जाएगा। 6 महीने की ऋण स्थगन अवधि रहेगी। 4 वर्ष की समय सीमा के अंदर ऋण चुकता करने वाले लाभार्थी द्वितीय चरण के ऋण के लिए पात्र होंगे, जिसके तहत अधिकतम 7.50 लाख रुपये की परियोजना पर 50 प्रतिशत ब्याज उपादान 3 वर्षों के लिए देय होगा।