फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

यूपी कैबिनेट बैठकः सरकार ने दी विंध्याचल विकास प्राधिकरण को मंजूरी

Thu, 28 Jun 2018 02:08 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मिर्जापुर
विज्ञापन
सीएम योगी आदित्यनाथ - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
प्रदेश सरकार की लखनऊ में हुई कैबिनेट बैठक के दौरान जनपद मिर्जापुर को एक सौगात मिली। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विंध्याचल विकास प्राधिकरण के गठन की अनुमति दे दी। इससे विंध्याचल में विकास कार्य तेज गति से हो सकेगा।

 

इस बैठक में विंध्याचल विकास प्राधिकरण में 68 गांवों को शामिल करने की मंजूरी दी गई है। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्यमंत्री अनुप्रिया पटेल ने इसके लिए मुख्यमंत्री को पत्र लिखा था।

 

विंध्याचल में मां विंध्यवासिनी के दर्शन पूजन के लिए देश के विभिन्न हिस्सों से लोग आते हैं। बावजूद इसके प्राधिकरण के अभाव में विंध्याचल का चतुर्दिक विकास नहीं हो पा रहा था। इससे आने वाले दर्शनार्थियों और स्थानीय लोगों को मूलभूत सुविधाएं नहीं मिल पा रही थीं।

 

मां विंध्यवासिनी धाम के विकास और जनता की मांग पर केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल ने विगत दिनों मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र भेजकर मिर्जापुर विंध्याचल के लिए मिर्जापुर विंध्याचल विकास प्राधिकरण के गठन की मांग की थी।

विज्ञापन

 

पत्र में यह भी उल्लेख किया गया था कि पहले मिर्जापुर केवल जिला मुख्यालय था और आज की तुलना में 22 वर्ष पूर्व आबादी काफी कम थी। तब से आज तक में आबादी लगभग चार गुना बढ़ गई है।

 

तेजी से बढ़ती हुई आबादी और शहर के विस्तार को देखते हुए विशेष क्षेत्र विकास प्राधिकरण के सीमित अधिकार और संसाधन के कारण शहर का समुचित विकास बाधित हो रहा है। मिर्जापुर विंध्याचल विकास प्राधिकरण घोषित करने से प्राधिकरण के अधिकार क्षेत्र में बढ़ोत्तरी होगी और विकास होने की संभावना बढ़ जाएगी।

 

इस संबंध में अपना दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष व विधान परिषद सदस्य आशीष सिंह ने बताया कि जनपद का विकास पहली प्राथमिकता है। मिर्जापुर विंध्याचल विकास प्राधिकरण बनने से मां विंध्यवासिनी धाम सहित क्षेत्र का व्यापक विकास होगा। इससे पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा।     

Trending Videos
विज्ञापन

68 गांवों को होगा विकास का फायदा      

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विंध्याचल को विकास प्राधिकरण के गठन की अनुमति दे दी। इसके बाद मिर्जापुर के साथ ही विंध्याचल का भी चतुर्दिक विकास होगा। विंध्याचल विकास प्राधिकरण बनने के बाद 68 गांवों में विकास की बयार बहेगी।

नगर मजिस्ट्रेट पंकज वर्मा ने बताया कि तेेजी से बढ़ती हुई आबादी और शहर के विस्तार को देखते हुए विशेष क्षेत्र विकास प्राधिकरण के सीमित अधिकार और संसाधन के कारण शहर का समुचित विकास नहीं हो पा रहा था। विकास प्राधिकरण बनने के बाद विकास में गति आएगी।

प्राधिकरण बनने के बाद संसाधन और शक्ति बढ़ेगी। विकास प्राधिकरण का अध्यक्ष, उपाध्यक्ष सहित अन्य पदाधिकारियों की शक्तियां बढे़गी। क्षेत्र का सुनियोजित तरीके से विकास होगा। इससे हाउसिंग स्कीम, डेवलपमेंट प्रोजेक्ट आदि विकास कार्य होगा।

शासन द्वारा विंध्याचल विकास प्राधिकरण के गठन की अनुमति दिए जाने से पूर्व इसके पास केवल विंध्याचल का विकास करने का पावर था। बजट भी शासन से नहीं मिल रहा था। इससे यह विभाग बौना साबित हो रहा था।
 
अब 68 गांवों को दायरे में लाने की अनुमति दिए जाने के बाद इसका दायरा काफी बढ़ गया है। इसके साथ ही बजट भी बेहतर मिलेेगा। इससे इन गांवों का विकास करने में काफी सुविधा मिलेगी।  
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें