सूबे की राज्यमंत्री और सोनभद्र जिले की प्रभारी मंत्री अर्चना पांडेय सोमवार की सुबह जिला अस्पताल पहुंची तो उन्हें मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डा. आरबी गौतम लड़खड़ाते मिले। मंत्री के साथ उनका बातचीत करने का लहजा भी ठीक नहीं था।
नाराज मंत्री के निर्देश पर एडीएम रामचंद्र और एसीएमओ डा. वीके अग्रवाल की निगरानी में तीन सदस्यीय टीम ने डॉ गौतम का मेडिकल कराया। सीएमओ ने तत्काल डॉक्टर आरबी गौतम को सीएमएस पद से हटा दिया है। उनकी जगह डॉ पीबी गौतम को सीएमएस बनाया गया है। साथ ही डीएम पीके उपाध्याय ने डॉ आरबी गौतम के निलंबन की संस्तुति भी कर दी है।
प्रभारी मंत्री अर्चना पांडेय सुबह दस बजे के करीब जिला अस्पताल का जायजा लेने पहुंची। मंत्री ने वार्ड में भर्ती मरीजों से मिलने वाली सुविधाओं के बारे में पूछताछ की। दवा काउंटर पर मरीजों को दी जाने वाली दवाइयों के बारे में जानकारी हासिल की।
इस दौरान मंत्री के पास पहुंचे सीएमएस डॉक्टर आरबी गौतम मरीजों को दी जाने वाली सुविधाओं के बारे में बताने लगे। उनका बात करने का तरीका सही नहीं था। मुंह से आ रही बदबू भी काफी कुछ बयां कर रही थी। मंत्री ने फटकार लगाई तो आरबी गौतम ने कहा कि यह अस्पताल उनका है।
यह बात सुनकर वहां मौजूद भाजपा कार्यकर्ता उखड़ गए। मंत्री ने एडीएम रामचंद्र को तत्काल सीएमएस का मेडिकल करवाकर रिपोर्ट उपलब्ध कराने को कहा।
एडीएम की मौजूदगी में एसीएमओ डा. वीके अग्रवाल की निगरानी में डॉ. पीबी गौतम, डॉ. के. कुमार और डॉ. राजेंद्र कुमार ने सीएमएस का मेडिकल किया। एडीएम रामचंद्र ने बताया कि सीएमएस डॉ. आरबी गौतम के मुंह से बदबू आ रही थी।
उन्होंने रिपोर्ट डीएम को दे दी है। वहीं सीएमओ डॉक्टर कृष्ण गोपाल सिंह ने कहा कि डॉ आरबी गौतम को सीएमएस पद से हटा दिया गया है।
उधर डीएम प्रमोद कुमार उपाध्याय ने बताया कि मेडिकल रिपोर्ट में अल्कोहल की मात्रा नहीं आई है मगर सीएमएस के बात करने का तरीका सही नहीं था। कहा कि आरबी गौतम को निलंबित करने की संस्तुति कर दी गई है।