दो साल पहले मानसिक स्थिति खराब होने के कारण गुजरात से लापता हुए सोनभद्र जिले के रेणुका पार स्थित पनारी गांव के टोला कर्री निवासी शोभनाथ (55) सोमवार को घर लौटे तो परिजन खुशी से झूम उठे। उनका हाल जानने के लिए गांव के लोगों, परिचितों, रिश्तेदारों का तांता लगा रहा। दो वर्ष पूर्व शोभनाथ बेसुध हाल में पाकिस्तान की सीमा पर पहुंच गए थे। वहां सुरक्षा बल के जवानों ने शोभनाथ को पकड़ कर गुजरात की मवसरी पुलिस के हवाले कर दिया था।
ग्राम प्रधान उदित नारायण खरवार और ग्राम पंचायत सदस्य लक्ष्मण यादव ने बताया कि तमिलनाडु की एक कंपनी के लोग शोभनाथ को नौकरी के लिए गुजरात ले गए थे। वहां कुछ दिनों के बाद शोभनाथ लापता हो गए। सूचना पर परिजनों ने तलाश की लेकिन पता नहीं चला। मानसिक स्थिति कमजोर होने के कारण शोभनाथ पाकिस्तान की सीमा के करीब पहुंच गए थे और उन्हें भारतीय सुरक्षा बल के जवानों ने पकड़ लिया था।
इसके बाद शोभनाथ को नजदीकी थाने मवसरी पुलिस के हवाले कर दिया था। वहां की पुलिस ने किसी तरह पता लगाकर परिवारीजनों से संपर्क किया। इसके बाद प्रधान उदित नारायण, ग्राम पंचायत सदस्य लक्ष्मण एवं अन्य ग्रामीणों ने आर्थिक सहयोग कर परिवार के दो सदस्यों को गुजरात भेजा। थाने पहुंचकर परिवारीजनों ने जरूरी औपचारिकताएं पूरी कीं और रविवार रात शोभनाथ को लेकर परिवारीजन जबलपुर पहुंचे। वहां से शक्तिनगर एक्सप्रेस पकड़कर सोमवार की सुबह चोपन आए। यहां से उन्हें घर ले जाया गया।