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Cough Syrup Case: दुबई में पार्टनरशिप पर होटल का संचालन कर रहा है शुभम जायसवाल, गिरफ्तारी की तैयारी तेज

Thu, 06 Aug 2026 10:44 AM IST
Pragati Chand अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।

सार

Varanasi News: आदमपुर थाना क्षेत्र के प्रह्लाद घाट स्थित कायस्थ टोला निवासी शुभम जायसवाल की गिरफ्तारी के लिए इंटरपोल ने रेड कॉर्नर नोटिस जारी किया है। वह पिछले नौ माह से दुबई स्थित होटल में छिपा है। 
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अंतरराज्यीय गिरोह का सरगना शुभम जायसवाल। - फोटो : संवाद
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विस्तार
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Varanasi News: नेपाल और बांग्लादेश तक कफ सिरप की तस्करी के मामले में शुभम जायसवाल भगोड़ा घोषित है। शैली ट्रेडर्स के जरिये 2000 करोड़ रुपये के इस सिंडिकेट के सरगना शुभम जायसवाल की गिरफ्तारी के लिए विदेश मंत्रालय ने जून के दूसरे सप्ताह में ही दुबई सरकार को अरेस्ट वारंट सौंपा था। इंटरपोल और सीबीआई की प्रक्रिया जारी है। केंद्रीय जांच एजेंसियों को जानकारी मिली है कि वह 10 वर्ष के गोल्डन वीजा पर दुबई में एक होटल चेन की फ्रेंचाइजी पार्टनरशिप में संचालित कर रहा है।

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पिछले वर्ष नवंबर से शुभम जायसवाल दुबई में शरण लिए हुए है। उसके फोटो और वीडियो भी पूर्व में दुबई के एक होटल से वायरल हो चुके हैं। आदमपुर थाना क्षेत्र के प्रह्लाद घाट स्थित कायस्थ टोला निवासी शुभम जायसवाल की गिरफ्तारी के लिए इंटरपोल ने रेड कॉर्नर नोटिस जारी किया है। 

पूर्वांचल के आजमगढ़ निवासी अंडरवर्ल्ड डॉन अबू सलेम और प्रयागराज के करेली निवासी शाइन सिटी के निदेशक राशिद नसीम के बाद शुभम जायसवाल तीसरा भगोड़ा है, जिसकी इंटरपोल तलाश कर रहा है।

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अरबों रुपये की ठगी को अंजाम देने के बाद राशिद नसीम भी दुबई में शरण लिए हुए है। 2000 करोड़ रुपये के अंतरराष्ट्रीय कफ सिरप तस्करी मामले में यदि शुभम जायसवाल की दुबई में गिरफ्तारी होती है तो उत्तर प्रदेश समेत आसपास के राज्यों के कई और राजदार भी बेनकाब हो सकते हैं। 

आरोप है कि सफेदपोशों के संरक्षण की बदौलत ही शुभम ने कफ सिरप की तस्करी का नेटवर्क विदेश तक फैलाया। शुभम जायसवाल के साथ कफ सिरप तस्करी के धंधे में शामिल आलोक सिंह एसटीएफ, अमित सिंह टाटा, अमित यादव समेत 75 से अधिक आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। वाराणसी, सोनभद्र, लखनऊ, कानपुर, कोलकाता समेत पश्चिमी उत्तर प्रदेश की विभिन्न जेलों में सभी आरोपी बंद हैं।

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सोनभद्र में दर्ज हुआ था पहला मामला
प्रतिबंधित कोडीन युक्त कफ सिरप तस्करी का पहला मामला सोनभद्र जिले के रॉबर्ट्सगंज कोतवाली में 19 अक्तूबर 2025 को दर्ज किया गया था। दो कंटेनरों से तीन करोड़ रुपये से अधिक कीमत की 1.19 लाख से अधिक नशीली कफ सिरप की शीशियां बरामद हुई थीं। इसके बाद गाजियाबाद में कफ सिरप का गोदाम पकड़ा गया, जिसके बाद परत-दर-परत तस्करी का पूरा नेटवर्क उजागर हो गया। सोनभद्र पुलिस ने ही इस कफ सिरप तस्करी सिंडिकेट का पर्दाफाश किया।
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