हरिश्चंद्र घाट पर सात शवों के प्लेटफॉर्म का निर्माण होगा। यहां 13,250 वर्ग फीट क्षेत्र में निर्माण होगा। सड़क मार्ग से 1.8 मीटर ऊपर शवदाह स्थल होंगे। कवर्ड एरिया में शव जलेंगे। मणिकर्णिका घाट पर 32 शवों के प्लेटफार्म बनेंगे। भू-तल का कुल क्षेत्रफल 29,350 वर्ग फीट और प्रथम तल का कुल क्षेत्रफल 20,200 वर्ग फीट है। दाह संस्कार का क्षेत्रफल 12,250 वर्ग फीट है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मणिकर्णिका व हरिश्चंद्र घाट के पुनर्विकास का शिलान्यास 7 जुलाई, 2023 को किया था। इसके बाद से इस घाट को नव्य और भव्य बनाने की दिशा में कार्य शुरू हुआ।
हरिश्चंद्र और मणिकर्णिका घाट पर अत्याधुनिक शवदाह स्थल का निर्माण कार्य इस साल पूरा होगा। कार्यदायी एजेंसी के एक अधिकारी ने बताया कि निर्माण कार्य के दौरान यहां के मंदिर के विग्रहों को दूसरी जगह रखा गया है। जब निर्माण कार्य पूरा हो जाएगा, तब यहां नया मंदिर बनाकर देंगे। साथ ही उन विग्रहों को नए मंदिर में स्थापित किया जाएगा।