केंद्र और प्रदेश का ऊर्जा विभाग अपने सिस्टम को अपग्रेड करने की जुगत में जुट गया है। उपभोक्ताओं को आईटी आधारित सूचनाएं प्रदान करने के लिए ‘सारथी योजना’ लागू की गई है। इसके तहत अब उपभोक्ताओं को उनके मोबाइल पर बिजली के कटने से लेकर आने तक की सूचनाएं दी जाएंगी।
बिजली की खरीद और बिक्री से जुड़ी जानकारियां भी ऑनलाइन होंगी। इससे लाइन लॉस को कम करने में विभाग को काफी मदद मिलेगी। इस पर सितंबर से काम शुरू होगा। इस बाबत पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड के प्रबंध निदेशक अतुल निगम ने सोमवार की शाम अधिकारियों संग भिखारीपुर स्थित कार्यालय में बैठक कर खाका खींचा।
केंद्र व प्रदेश का ऊर्जा विभाग लाइन लॉस की समस्या कम करने के लिए ‘सारथी योजना’ लांच करने की तैयारी में जुट गया है। इसके तहत सर्वाधिक लाइन लॉस वाले फीडर चिह्नित होंगे। ऐसे फीडरों से जुड़े घरेलू एवं वाणिज्यिक उपभोक्ताओं का डाटा भी रखा जाएगा।
एमडी के अनुसार इस योजना के तहत हमें यह पता चल जाएगा कि बिजली खरीद के सापेक्ष हमें कितना राजस्व मिला। खरीद-बिक्री में अंतर आने के कारणों की समीक्षा की जाएगी और फिर उसे दूर करने की दिशा में भी काम किया जाएगा।
इसके अलावा मोबाइल अप्लीकेशंस सर्विस और बेहतर बनाई जाएगी। उपभोक्ताओं को उनके द्वारा इस्तेमाल की गई बिजली की जानकारी देने के साथ ही बिल और उनके भुगतान की सूचना भी प्रदान की जाएगी।
एमडी ने बताया कि मैनेजमेंट आईटी हेल्प डेस्क को इतना सशक्त बनाया जाएगा कि विभाग के साथ-साथ उपभोक्ताओं को भी इसका लाभ मिल सके। यह भी तय किया जाएगा कि हमारे सभी अधिकारी-कर्मचारी इस बाबत पूरी तरह प्रशिक्षित हो जाए।
इस काम के लिए रुलर एनर्जी कारपोरेशन, पीईसी एवं पावर ग्रिड डिस्ट्रीब्यूशन कारपोरेशन लिमिटेड, पीजीडीसीएल के अफसरों को लगाया गया है। प्रथम चरण में पूर्वांचल डिस्कॉम मुख्यालय के साथ ही जोन के अफसरों को प्रशिक्षित किया जाएगा।