डीएम सत्येंद्र कुमार ने अफसरों से कहा कि पूरी संवेदनशीलता के साथ जनसमस्याओं का निस्तारण करते हुए गरीब व पीड़ित व्यक्तियों को प्राथमिकता के आधार पर न्याय दिलाया जाए। किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी। भूमि संबंधी मामलों में राजस्व व पुलिस की संयुक्त टीमें मौके पर जाकर गुणवत्तापरक निस्तारण करें।
जिस जमीन को जोत रहे, उस पर दूसरे की करा दी मेड़बंदी : समाधान दिवस में शनिवार को हुए एसडीएम शांतनु कुमार सिनसिनवार ने जन सुनवाई की। चौखंडी भाऊपुर की मीना ने शिकायत पत्र दिया। कहा कि उसकी जमीन पर लेखपाल और कानूनगो ने दूसरे की मेड़बंदी कर दी है। यह मेड़बंदी 9 मई को कराई गई जबकि इसके लिए न तो उसे नोटिस दिया गया और न ही कोई सूचना दी गई। मीना का कहना था कि वह जिस जमीन पर काबिज थी उस पर 10 वर्षों से खेती कर रही है। उसने 16 साल पहले रजिस्ट्री कराई थी।
नागेपुर की सीमा देवी ने धोखाधड़ी से जुड़ी शिकायत की। चित्रसेनपुर के नंदलाल पाल ने अपने हिस्से की बंटवारे के भूमि पर दूसरे के कब्जा करने की शिकायत की है। डोमैला के अरुण कुमार पांडेय ने शिकायत की कि उनकी भूमि पर गांव के ही कुछ लोग जबरदस्ती टिनशेड लगा रहे हैं। 256 मामले आए इसमें 13 का निस्तारण किया गया।
सरकारी जमीन पर कब्जा कर बेच दी
एसडीएम प्रतिभा मिश्रा ने समाधान दिवस में जनसुनवाई की। करखियाव निवासी एडवोकेट श्रीनाथ गोंड ने शिकायत दर्ज कराई कि ग्राम सभा की सरकारी भूमि कुछ लोगों ने कब्जा कर बेच दी है। एसडीएम ने जांच के निर्देश दिए। पिंडरा बाजार निवासी राजन मोदनवाल ने सौ साल पुराने एक पीपल के पेड़ को कटवाने की मांग की। कहा कि वह टूटा हुआ है कभी भी हादसा हो सकता है। रोह निवासी कन्हैयालाल ने होलिका दहन स्थल पर कब्जे की शिकायत दर्ज कराई। 113 शिकायतों में 5 का निस्तारण किया गया।