मैं घनी बांवरी हो गई... की धुन पर जेसीआई काशी दर्पण की महिलाओं ने राजस्थानी नृत्य पेश कर सभी को झूमने पर विवश कर दिया। सावन का महीना, त्योहार और राजस्थानी माहौल की छटा ही निराली थी।
राजस्थानी सजावट, परिधान और माहौल के बीच सावन के माहौल ने राजस्थानी संस्कृति को जीवंत कर दिया। शनिवार को कैं टोमेंट स्थित वंदनम हाल में ‘रंगीलो राजस्थान’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया था।
इस दौरान महिलाएं सखियां, लहरिया, चुनरी, बांधनी आदि परिधानों से सुसज्जित थीं। यहां कठपुतली और ऊंटगाड़ी की छटा चार-चांद लगा रही थीं। महिलाओं ने जमकर धमाल मचाया। गीत, संगीत, नृत्य और नाटकों के माध्यम से उपस्थित महिला सदस्यों का मनोरंजन किया।
इसके उपरांत राजस्थानी व्यंजनों का जमकर लुफ्त उठाया। कार्यक्रम की विशिष्ट अतिथि ममता द्विवेदी रहीं। अतिथियों का स्वागत जेसी अध्यक्ष जेसी शालिनी अग्रवाल, धन्यवाद ज्ञापन जेसी संगीता गुप्ता, संचालन मिनाक्षी और अभिलाषा ने किया।
इस दौरान जेसी मीनाक्षी, सरिता गुप्ता, ज्योति, नीलू, निधि, शिखा, विनिता, हेमा, अभिलाषा, शालिनी, रीति आदि उपस्थित थीं।