मथुरा के जवाहरबाग में पुलिस और कब्जेधारियों के बीच हुई मुठभेड़ में मारे गए गाजीपुर निवासी रामवृक्ष यादव की तरह दिखने वाले एक शख्स ने शनिवार को पुलिस को छह घंटे उलझाए रखा। एक नजर में बिल्कुल रामवृक्ष की तरह दिखने वाले इस शख्स को पुलिस ने शक के आधार पर तब हिरासत में लिया जब वह गंगा स्नान करने दशाश्वमेध घाट पहुंचा था। पुलिस उसे थाने ले गई। वहां पूछताछ के बाद उसके घरवालों से संपर्क किया। अंबेडकरनगर निवासी त्रिलोकीनाथ मौर्या के रूप में तस्दीक के बाद उसे छोड़ा गया।
दरअसल, अंबेडकर नगर के हरसाव थाना क्षत्र के पृथ्वीपुर गांव के रहने वाले त्रिलोकीनाथ मौर्या यहां अपने रिश्तेदार रघुनाथ मौर्या के यहां आए थे। रघुनाथ बीएसएनएल में कर्मचारी हैं। वह न्यू लोको कॉलोनी में रहते हैं। गांव में खेतीबारी करने वाले त्रिलोकीनाथ शनिवार सुबह करीब आठ बजे रघुनाथ के साथ दशाश्वमेध घाट पर गंगा स्नान करने गए थे।
जल पुलिस के एक सिपाही की नजर त्रिलोकी पर पड़ी। बिल्कुल रामवृक्ष की तरह चेहरा, कद-काठी, पहनावा देख सिपाही धोखा खा गया। उसने तत्काल इसकी सूचना थाने पर दी। मौके पर पहुंची दशाश्वमेध पुलिस शक के आधार पर त्रिलोकी को थाने ले गई। पूछताछ के बाद अंबेडकर नगर के हरसाव थाने की पुलिस को त्रिलोकी के घर भेजा गया। पूरी तस्दीक के बाद दोपहर करीब दो बजे त्रिलोकी को उनके रिश्तेदार रघुनाथ की सुपुर्दगी में छोड़ा गया। एसएसपी आकाश कुलहरि का कहना है कि रामवृक्ष से चेहरा मिलने की वजह से पुलिस ने पूछताछ की। तस्दीक के बाद छोड़ दिया गया।