पत्रकारों से बातचीत करते केंद्रीय मंत्री राम विलास पासवान
दाल की कीमत दोबारा आसमान नहीं छूने पाएगी। हालांकि दाल का उत्पादन इस बार भी देश में कम होने की आशंका है लेकिन विदेश से आयात कर मांग और पूर्ति के बीच संतुलन स्थापित किया जाएगा। यह बातें रविवार को सर्किट हाउस में केंद्र सरकार के उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्री राम विलास पासवान ने पत्रकारों से कहीं।
उन्होंने कहा कि देश भर के राशन कार्डों के डिजिटाइजेशन का काम तेजी से चल रहा है और सभी को आधार कार्ड से लिंक किया जाएगा। ऐसा होने पर खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत गलत तरीके से अनाज का आवंटन नहीं हो सकेगा। केंद्रीय मंत्री ने बताया कि यूपी में एक मार्च से खाद्य सुरक्षा अधिनियम लागू हो चुका है। अप्रैल से इसके तहत लाभार्थियों को अनाज मिलना शुरू हो जाएगा।
अनाज के आवंटन की दूकानों को भी ऑनलाइन किया जा रहा है। उत्तर प्रदेश में फिलहाल 41 लाख टन अनाज के भंडारण की व्यवस्था है। कहा कि खराब मौसम के बावजूद हमारे पास अनाज की कमी नहीं है। राशन कार्ड की गड़बड़ी राज्य सरकारें दूर करें। यूपी सरकार खाद्य सुरक्षा अधिनियम की शर्तों को पूरा कर रही है, इसकी जांच कराई जाएगी। बताया कि रबी विपणन वर्ष 2016-17 में गेहूं का समर्थन मूल्य 1525 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित है जो पिछले साल की तुलना में 75 रुपये अधिक है। कहा कि राज्य सरकारें जमाखोरों और मुनाफाखोरों के खिलाफ प्रभावी तरीके से कार्रवाई करें। शहर से बाहर एफसीआई के गोदाम बनाए जाएं।
केंद्रीय मंत्री राम विलास पासवान ने कहा कि उत्तर प्रदेश के आगामी विधानसभा चुनाव की कमान एनडीए के लिए लोजपा की तरफ से सांसद चिराग पासवान संभालेंगे। कहा कि हम जमात की बात करते हैं लेकिन मायावती सिर्फ जाति की बातें करती हैं। उत्तर प्रदेश के चुनाव का केंद्रबिंदु काशी होगी।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि दलितों का उत्थान अंबेडकर जी ने किया तो पिछड़ों के मसीहा पूर्व प्रधानमंत्री वीपी सिंह थे लेकिन उन्हें कोई याद नहीं करता है। यूपी और बिहार में चुनाव के समय विकास नीचे और जाति का मुद्दा ऊपर हो जाता है। यूपी का सर्वांगीण विकास करने के लिए यहां एनडीए की सरकार बननी बेहद जरूरी है। सांसद चिराग पासवान ने कहा कि युवाओं के लिए युवा सोच जरूरी है और वह सिर्फ मौजूदा पीएम में है। कहा कि प्रयास ऐसा होगा कि यूपी का बच्चा रोजी-रोटी के लिए परदेश न जाए बल्कि उसे अपने जिले में ही सब कुछ मिले।