कुछ देर बाद गुरुद्वारे के मुख्य प्रवेश द्वार पर पथराव शुरू हो गया। गेट बंद करने पर गुरुद्वारे के भीतर पत्थर फेंके गए। प्रदर्शनकारियों ने धमकी दी कि शहर का नाम बदलकर गुलाम-ए-मुस्तफा कराएंगे। कोई सिख ननकाना में नहीं रहेगा।
प्रदर्शन लगभग चार घंटे चला। इस कारण गुरुद्वारे के आसपास की दुकानें बंद हो गईं। इस दौरान गुरुद्वारे में मौजूद संगत डरकर प्रदर्शनकारियों के जाने के बाद भी काफी देर तक वहीं बैठी रही। घटना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने कई पत्थरबाजों को गिरफ्तार किया है। इसके बाद संगत वहां से निकली। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है।
यह है मामला
गुरुद्वारे के ग्रंथी का आरोप है कि उनकी बेटी जगजीत का कुछ लोगों ने अपहरण कर जबरन निकाह कराया। वहीं, एक वीडियो में लड़की ने मर्जी से धर्मांतरण का दावा किया। मोहम्मद हसन के परिवार ने कहा, मर्जी से इस्लाम कबूलने और शादी के बावजूद सिख समुदाय ने हंगामा किया।