प्रकरण को लेकर वर्ष 2014 में चेतगंज थाने में मुकदमा दर्ज किया गया और प्रदेश सरकार ने जांच ईओडब्ल्यू को सौंप दी। ईओडब्ल्यू के वाराणसी सेक्टर के एसपी डी प्रदीप कुमार ने बताया कि मुकदमे में वांछित बृजभवन दास गुजराती को इंस्पेक्टर सुनील कुमार वर्मा के नेतृत्व में गठित टीम ने गोलघर कचहरी के समीप से गिरफ्तार किया है।
बृजभवन दास गुजराती के द्वारा तत्कालीन कुलपति के हस्ताक्षर की फर्जी मुहर तैयार कर वित्तीय पत्रावलियों पर प्रयोग किए जाने की पुष्टि हुई है। इस प्रकरण में पूर्व में चार अभियुक्तों की गिरफ्तारी की जा चुकी है। शेष अन्य छह आरोपियों की तलाश जारी है।