ताबड़तोड़ अपराधिक घटनाओं को रोक पाने में विफल घोसी कोतवाली पुलिस ने एक अजूबा कारनामा कर दिया है। टैक्सी चलाकर अपने परिवार का भरण पोषण करने वाले चालक को कोतवाली पुलिस ने टापटेन अपराधी बना दिया है। पुलिस की कारस्तानी से चालक और उसके परिजन हैरान और दहशतजदा हैं।
चालक ने जिले के प्रभारी मंत्री से लेकर उप मुख्यमंत्री केशव मौर्य तक से गुहार लगाया है। उपमुख्यमंत्री और प्रभारी मंत्री ने डीएम प्रकरण की जांच कराकर प्रभावी कार्रवाई करने का निर्देश दिया है। घोसी कोतवाली क्षेत्र के हड़हुआ गांव निवासी भरत सिंह उर्फ राम हरख ने उप मुुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और जनपद के प्रभारी मंत्री सुरेश पासी को लिखे गए प्रार्थनापत्र में कहा है कि घोसी के तत्कालीन एसडीएम ने अपने कार्यकाल में अक्टूबर 2018 में उसकी कार 20 हजार रुपये प्रतिमाह किराए पर लिया था।
लेेकिन एक महीने का भी किराया नहीं दिया, किराया मांगने पर उन्होंने कार अपने आवास पर खड़ी करा लिया। चालक का आरोप है कि एसडीएम कार को बेचने का दबाव बनाने लगे। कार बेचने से इनकार करने से नाराज एसडीएम ने उसके विरुद्ध दो फर्जी मुकदमे दर्ज करा दिए। इस बीच पुलिस ने उसके विरुद्ध गुंडा एक्ट लगा दिया। पुलिस रात दिन कभी भी उसके घर पहुंचकर परेशान करने लगी। इसी बीच एक सप्ताह पहले रात के दो बजे पुलिस उसके घर पहुंच गई। पुलिस ने उसे बताया कि तुम्हारा नाम कोतवाली के टाप टेन अपराधियों की सूची में है। यह सुनकर चालक के जमीन के नीचे की जमीन ही खिसक गई।
प्रभारी निरीक्षक पीएन मिश्र का कहना है कि यह उनके कार्यकाल के पहले का प्रकरण है। पुलिस की कारस्तानी से आहत चालक ने उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद से मुलाकात अपनी पीड़ा बताई। इसके साथ ही उसने 13 जनवरी 2020 को प्रभारी मंत्री सुरेश पासी को प्रार्थनापत्र देकर न्याय की गुहार लगाई। प्रभारी मंत्री ने जिलाधिकारी को इस प्रकरण की जांच कराकर न्यायोचित कार्रवाई का निर्देश दिया है। चालक ने राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग के उपाध्यक्ष जसवंत सैनी को प्रार्थनापत्र सौंपा है। इस बाबत एसपी अनुराग आर्य का कहना है कि प्रकरण की जांच के निर्देश दिए गए हैं।