कोई जुर्माना नहीं बना तो सीट बेल्ट न लगाने का आरोप लगाते हुए जुर्माने की रशीद काटकर थमा दी। पुलिस की इस कार्रवाई से जहां क्षेत्र में चर्चाओं का बाजार गरम है, वहीं बृजेश को यह समझ में नहीं आ रहा कि वह कहां और किससे इसकी शिकायत करें। इस संबंध में संपर्क करने पर एसओ मेहनाजपुर ने कहा कि कभी-कभी भूल हो जाती है।