प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अक्तूबर में चीनी राष्ट्रपति शी जिपनिंग के साथ काशी आ सकते हैं। भगवान बुद्ध की उपदेश स्थली भारत चीन के संबंधों में अहम पड़ाव बन सकता है। बौद्ध धर्मानुयायियों की आस्था का प्रमुख केंद्र सारनाथ में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चीनी राष्ट्रपति शी जिपनिंग के आगमन की संभावनाओं के बाद तैयारी शुरू कर दी गई है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी के एक बार फिर विश्व फलक पर छाने की संभावना है। अक्तूबर के दूसरे सप्ताह में भारत आने वाले चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग पीएम मोदी की पहल पर वाराणसी आ सकते हैं। अपने पहले कार्यकाल में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत आए चीनी राष्ट्रपति का शाही अंदाज में स्वागत अपने गृहराज्य गुजरात में किया था।
वर्ष 2017 में 9वीं ब्रिक्स समिट में भाग लेने चीन गए पीएम मोदी का वहां के राष्ट्रपति ने गर्मजोशी से इस्तकबाल किया था। सूत्रों की मानें तो अक्तूबर में चीनी राष्ट्रपति की भारत यात्रा संभावित है और वे सारनाथ आएंगे।
बता दें कि इससे पहले पीएम मोदी की पहल पर काशी आए जापान के प्रधानमंत्री शिंजो आबे, फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों, जर्मनी के राष्ट्रपति फ्रैंक वॉल्टर, प्रवासी भारतीय सम्मेलन में मॉरिशस के प्रधानमंत्री प्रविंद जगन्नाथ का जोरदार स्वागत हुआ था। चीनी राष्ट्रपति के बाबा की नगरी में आने पर यहां की मेहमान नवाजी के इतिहास में नया अध्याय जुड़ेगा।