प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 17 सितंबर को 71 वें जन्मदिन को वाराणसी संसदीय क्षेत्र सहित काशीवासी देव-दीपावली की तर्ज पर अपने घरों में दीप रोशन कर मनाएंगे। इस अवसर को यादगार बनाने के लिए काशी वासियों ने देव-दीपावली के पूर्व दीपोत्सव मनाने का मन बनाया है। भाजपा ने 'आपको हमारी उमर लग जाय' के संकल्प के साथ विभिन्न आयोजन किया है।
इसके तहत 17 सितंबर पीएम मोदी के जन्मदिवस से सात अक्तूबर तक उनके पहली बार गुजरात की बागडोर संभालने के दिवस तक सेवा समर्पण अभियान चलाया जाएगा। इसमें भारत माता मंदिर पर 71 हजार दीपक जलाने, गंगा में 71 मीटर की चुनरी चढ़ाने और सभी विधानसभाओं में 71-71 किलो लड्डू वितरित करने की योजना है।
पीएम मोदी का 71वां जन्मदिन: पूर्व संध्या पर वाराणसी में विविध आयोजन
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काशी के सांसद और देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन की पूर्व संध्या पर जवाहरनगर स्थित पीएम संसदीय कार्यालय को गुब्बारों, दीपों से सजाया गया। इस दौरान जनप्रतिनिधियों, पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं ने एक दूसरे में मिठाई बांटकर खुशी का इजहार किया। इस दौरान प्रधानमंत्री की लंबी उम्र की कामना की गई। उधर, दशाश्वमेध घाट पर भी पीएम के जन्मदिन की पूर्व संध्या पर दीप जलाकर दीर्घायु की कामना की।
संसदीय कार्यालय के प्रभारी शिवशरण पाठक ने बताया कि 17 सितंबर को नरेंद्र मोदी के जन्म दिन पर संसदीय कार्यालय में सुंदरकाड का पाठ, शहनाई वादन एवं भजन संध्या का आयोजन होगा। वहीं काशी रक्तदान कुंभ समिति के संरक्षक बीएचयू ब्लड बैंक के ब्रांड अंबेसडर प्रदीप इसरानी ने 141वीं बार रक्तदान किया। बताया कि अब तक 118 बार रक्तदान जबकि 28 बार सिंगल डोनर प्लेटलेट्स दे चुके हैं। इसके अलावा 17 सितंबर को पीएम के जन्म दिन पर हिंदू सेवा सदन हॉस्पिटल बांसफाटक पर बिना स्लॉट बुकिंग ही लोगों को कोरोना का टीका लगाया जाएगा।
पीएम मोदी के जन्मदिन पर कचहरी स्थित अंबेडकर प्रतिमा स्थल पर आज आयोजित स्वच्छता अभियान कार्यक्रम रद्द कर दिया गया है। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्र देव सिंह किसी कारण से वाराणसी नहीं पहुंच सके। इधर, भाजपा काशी क्षेत्र के मीडिया प्रभारी नवरतन राठी ने बताया कि आशा महाविद्यालय बाबतपुर में विश्वकर्मा श्रम सम्मान समारोह आयोजित किया गया है। दीपोत्सव कार्यक्रम में ललित कला अकादमी के छात्रों द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के चित्र को रंगोली से उकेरकर दीपों से सजाया जाएगा। साथ ही अखंड भारत के नक्शे को दीपों से सजाया जाएगा।