आल इंडिया प्री मेडिकल टेस्ट के तहत आयोजित नीट-2 की परीक्षा में भी फिजिक्स ने अभ्यर्थियों को परेशान किया। कुछ को केमिस्ट्री के प्रश्न कठिन लगे। बायोलॉजी काफी आसान रहा। नीट-2 में ज्यादातर अभ्यर्थी यूपी बोर्ड से थे। ऐसे में सीबीएसई पैटर्न पर परीक्षा उनके लिए कठिन रही। रविवार को वाराणसी के 24 परीक्षा केंद्रों पर हुए नीट-2 में करीब 90 फीसदी अभ्यर्थी शामिल हुए। वाराणसी में तकरीबन 13 हजार अभ्यर्थी पंजीकृत थे। पेपर लीक के मद्देनजर सभी केंद्रों पर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था थी।
सीपीएमटी की तैयारी कर रहे छात्रों को एआईपीएमटी के अनुसार 24 जुलाई को नीट की परीक्षा देनी पड़ी। परीक्षा सीबीएसई पैटर्न पर हुई। ज्यादातर अभ्यर्थियों ने इस पैटर्न को टफ बताया, वहीं कुछ ने सराहा भी। इलाहाबाद से आईं राबिया ने बताया कि परीक्षा ठीक रही। कहीं कोई परेशानी नहीं हुई। हां, फिजिक्स काफी टफ था। वहीं प्रतापगढ़ के संजीव यादव ने बताया कि एक मई को हुई नीट-1 परीक्षा से इस बार की परीक्षा आसान लगी।
बायो के सवाल सबसे आसान रहे। मिर्जापुर की शालिनी ने बताया कि फिजिक्स के सवालों ने काफी उलझाया लेकिन ओवरऑल परीक्षा ठीक थी। जितना टफ सोचा था, उतना नहीं था। विवेक का कहना था कि सीबीएसई पैटर्न की यह परीक्षा थोड़ी कठिन थी। सभी की तरह विवेक के लिए भी फिजिक्स के सवाल कठिन थे। ऐसे ही रीना भारती, प्रिया सिंह और पूजा पाल के लिए भी नीट-2 कठिन रहा।