फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

डायरिया के मरीजों से भरा अस्पताल: संक्रमण के फैलने से दहशत में लोग, प्रशासन की कब तक चलेगी लापरवाही ?

Sat, 13 Aug 2022 09:05 AM IST
किरन रौतेला न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी

सार

वाराणसी में डायरिया के मरीजों की संख्या दिनों दिन बढ़ती जा रही है। इसके बावजूद पालिका प्रशासन लापरवाही बरत रही है। सरकारी अस्पताल में बेड खाली नहीं होने के कारण डायरिया के मरीज प्राइवेट अस्पताल में अपना इलाज करा रहे हैं। 
विज्ञापन
अस्पताल में भर्ती डायरिया पीड़ित मरीज - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

नगर के सभी मोहल्लों में डायरिया फैलने से नागरिक दहशत में हैं। इसके बावजूद पालिका प्रशासन लापरवाही बरत रही है। उधर शास्त्री अस्पताल में बेड खाली नहीं होने के कारण डायरिया  के मरीज प्राइवेट अस्पताल में अपना इलाज करा रहे हैं ।
विज्ञापन


शास्त्री अस्पताल के संक्रामक वार्ड में डायरिया के मरीजों के लिए सिर्फ 10 बेड है मरीजों की संख्या बढ़ने से उनको अलग से व्यवस्था की जा रही है। तीसरे दिन शुक्रवार को डायरिया के मरीज भर्ती होने वालों में अमन 3 वर्ष वारी गढ़ही, राम रूप चौहान 70 वर्ष वाली गढ़ही, रजिया 60 वर्ष वाली गढ़ही, लक्ष्मीना 65 वर्ष पुराना रामनगर, साहिया बानो 20 वर्ष मच्छरहट्टा ,अंजलि 8 वर्ष रामपुर ,बदरून निशा 40 वाजिद पुर ,शेर अली 50 वर्ष, रंजना 16 वर्ष, फरहत 20 वर्ष, तरेब 8 वर्ष रामपुर, समसुद्दीन 65 वर्ष, राधे यादव 68 वर्ष पुराना रामनगर, कुमारी देवी हाथीखाना 70 वर्ष आदि का इलाज चल रहा है।
विज्ञापन

डायरिया को लेकर पत्रक सौंपा
रामनगर में फैले डायरिया को लेकर भाजपा सभासद  मुन्ना निषाद ने शुक्रवार को पालिका के अधिशासी अधिकारी राजबली यादव को ज्ञापन सौंपा। सभासद मुन्ना निषाद का कहना था कि रामनगर के विभिन्न वार्डों में डायरिया का खतरनाक संक्रमण फैल चुका है। जगह-जगह पेयजल पाइप लाइन में लीकेज हो गया है जिसके चलते लोगों के घरों में गंदा पानी जा रहा है। जिसके कारण लगभग हर वार्ड में डायरिया के मरीज बढ़ रहे हैं।

इस गंभीर बीमारी को लेकर नगर पालिका उदासीन रवैया अपनाया जा रहा है। उन्होंने मांग की कि डायरिया नियंत्रण के लिए पालिका तत्काल प्रभावी कदम उठाए। पाइप लाइन के लीकेज तत्काल ठीक कराए और सफाई व्यवस्था को चाक चौबंद किया जाय। साथ ही साथ लाल बहादुर शास्त्री अस्पताल के सीएमएस को भी इस संबंध में अवगत कराएं ताकि मरीजों का सुचारू इलाज संभव हो सके। तो उन्होंने चेतावनी दी कि अगर व्यवस्था में सुधार नहीं किया गया तो पालिका अंजाम भुगतने के लिए तैयार रहें।
 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें