वाराणसी। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में पार्टियों की ओर से प्रत्याशी उतारे गए हैं। लेकिन यह सभी प्रत्याशी पार्टी के सिंबल पर नहीं बल्कि चुनाव आयोग की ओर से जारी सिंबल पर ही चुनाव लड़ेंगे। आयोग की ओर से इन्हें सिंबल दिया जाएगा।
आयोग ने सभी पदों के लिए अलग-अलग चुनाव चिह्न जारी किए हैं। जिला पंचायत सदस्य के लिए 53, प्रधान के लिए 57, क्षेत्र पंचायत सदस्य के लिए 36, ग्राम पंचायत सदस्य के लिए 18 चुनाव चिह्न आवंटित किए गए हैं। पंचायत के सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी राजाराम वर्मा ने बताया कि पार्टी के प्रत्याशी भी आयोग की ओर से जारी चुनाव चिह्न पर ही चुनाव लड़ेंगे। पंचायत चुनाव में पार्टियों के सिंबल पर चुनाव नहीं लड़ा जाता है।
जिला पंचायत सदस्य के 53 चुनाव चिह्न
आरी, उगता सूरज, कप और प्लेट, कलम और दवात, कुल्हाड़ी, केतली, कैंची, क्रेन, खजूर का पेड़, गमला, गिटार, घुड़सवार, चश्मा, छड़ी, छाता, झोपड़ी, टाइप राइटर, टेलीफोन, टेलीविजन, ट्रैक्टर, ढोलक, तरकश, तराजू, ताला, चाभी, थरमस, नाव, पिस्टल, फसल काटता किसान, फावड़ा, मछली, रेडियो, रोड रोलर, लाउडस्पीकर, वृक्ष, शेर, सितारा, कलश आदि।
सबसे ज्यादा प्रधान के लिए चुनाव चिह्न
अनाज ओसाता किसान, इमली, कन्नी, कार, किताब, कैमरा, कैरम बोर्ड, कोट, खड़ाऊं, गदा, गले का हार, घंटी, चारपाई, चूड़ियां, छत का पंखा, टेबल लैंप, टोकरी, डेस्क, ड्रम, तांगा, तोप, त्रिशूल, दरवाजा, धनुष, धान का पेड़, पत्तियां, पहिया, पालकी, पुल, फावड़ा, फुटबाल, फूल और घास, बस, बांसुरी, बाल्टी, बिजली का खंभा आदि।
क्षेत्र पंचायत सदस्य के 36 चुनाव चिह्न
अनार, आदमी, अंगूठी, आटा चक्की, ईंट, कढ़ाई, कांच का गिलास, कुआं, केला का पेड़, गिल्ली डंडा, गेंद और हाकी, चकला बेलन, चिड़िया का घोंसला, जीप, टॉर्च, टेबल फैन, टैंक, टोपी, तलवार, दमकल, नारियल, पतंग, पानी का जहाज, प्रेस, रेल का इंजन, लड़का, लड़की आदि।
सबसे कम ग्राम पंचायत सदस्य के चुनाव चिह्न
आम, ओखली, अंगूर, केला, गुलाब का फूल, घड़ा, डमरू, तंबू, नल, पेंसिल, फरसा, बंदूक, बैडमिंटन, ब्रश, ब्लैक बोर्ड, रिक्शा, शंख, सुराही।