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पाकिस्तानी हैकर्स ने हैक की IIT BHU की वेबसाइट, पूरे देश में हड़कंप

Wed, 26 Apr 2017 10:52 AM IST
ब्यूरो,अमर उजाला,वाराणसी
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IIT दिल्ली, DU और AMU की वेबसाइट हैक, लिखा- पाकिस्तान जिंदाबाद - फोटो : facebook
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दिल्ली यूनिवर्सिटी, अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी, आईआईटी दिल्ली के साथ ही आईआईटी बीएचयू की वेबसाइट भी मंगलवार को पाकिस्तानी हैकर्स ने हैक कर लिया। हैकिंग की इस घटना से देश  भर में हड़कंप मच गया। आईआईटी बीएचयू के अधिकारी और आईआईटियंस इसके कारणों की तलाश में जुट गए हैं।
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वेबसाइट पर शाम करीब छह बजे हैक हुई और कुछ ही देर बाद सही भी हो गई। वेबसाइट हैकिंग के बाद मेन पेज पर कश्मीरियों को शांति से जीने का हक देने के अलावा अंतिम में पाकिस्तान जिंदाबाद भी लिखा था। आईआईटी बीएचयू के कुलसचिव का दावा है कि इससे किसी तरह का कोई नुकसान नहीं हुआ है।

एक साथ देश में दो तकनीकी संस्थानों और दो केंद्रीय विश्वविद्यालयों का वेबसाइट हैक होने की घटना से शिक्षाविदों के साथ ही अधिकारियों के होश गए  हैं। मंगलवार को आईआईटी बीएचयू की वेबसाइट हैक होने की सूचना मिलते ही हर कोई इसकी पुष्टि में लग गया।
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पता चला कि इस पर वेबसाइट के मूल कंटेट को हटाकर उस पर हैकरों ने जो मैसेज छोड़ा था, उसमें कश्मीरी सेना पर भी कई तरह के आरोप लगाए गए हैं। साथ ही संदेश में लिखा गया है कि कश्मीरियों को शांति से जीने का हक। हत्यारों और रेपिस्टों को अपने घर वापस बुलाओ।

वेबसाइट को कश्मीर के निर्दोष लोगों के प्रति समर्थन जताते हुए हैक करने की बात लिखी गई है। हैकरों ने मेसेज के आखिर में पाकिस्तान जिंदाबाद भी लिखा। हैकर्स खुद को पीएचसी ग्रुप का होने का दावा कर रहे हैं, यह वही ग्रुप है, जिसने गत वर्ष  भारत की सात हजार से अधिक वेबसाइट हैक करने का दावा किया था।

इधर आईआईटी बीएचयू के अधिकारियों और प्रोफेसरों ने जानकारों से बातचीत शुरू की तो पता चला कि इसका आईपी एड्रेस हैक कर लिया गया है। उधर आईआईटी बीएचयू के प्रो.राजीव श्रीवास्तव ने इसे साइबर क्राइम बताया है। बताया कि मामले में जो भी कानूनी कार्रवाई होगी, की जाएगी। 
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वेबसाइट हैक होने से पूरा डेटा खतरे में

email, hackers
तकनीकी जानकारों के अनुसार वेबसाइट हैक होने से पूरा डेटा खतरे में पड़ सकता है और उसका गलत उपयोग किया जा सकता है। विश्वविद्यालय के छात्रों, शिक्षकों और कर्मचारियों से जुड़ी अहम जानकारियां लीक हो सकती है। यदि वेबसाइट में कुछ ऐसी गोपनीय जानकारियां मौजूद हों जिन्हें आम आदमी न देख पाए और सिर्फ विश्वविद्यालय प्रशासन के महत्वपूर्ण लोग उसे एक्सेस कर सकते हैं तो उनका दुरुपयोग किया जा सकता है। इसी तरह से तमाम तरीके से हैकर नुकसान पहुंचा सकते हैं।
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