आजमगढ़ में एंटी करप्शन व विजलेंस की कार्रवाई से बौखलाए लेखपाल, जताया रोष
एंटी करप्शन टीम व विजलेंस विभाग द्वारा की जाने वाली कार्रवाई नाराज लेखपालों द्वारा पूरे जनपद में शनिवार को संपूर्ण समाधान दिवस का बहिष्कार कर अपना विरोध-प्रर्दशन किया गया। इस दौरान लेखपालों ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन अधिकारियों को सौंपा। सदर तहसील के लेखपाल भी इस मुद्दे को लेकर काफी क्षुब्ध नजर आए। इस दौरान लेखपालों ने कार्य करने की बजाए धरना प्रदर्शन किया। निजामाबाद प्रतिनिधि के अनुसार विगत दिनों एंटी करप्शन टीम व विजलेंस विभाग द्वारा आजमगढ़ सहित प्रदेश में भ्रष्टाचार के खिलाफ कड़ी कार्यवाही के क्रम में कई राजस्व लेखपाल एवं राजस्व निरीक्षकों को गिरफ्तार किया गया।
एंटी करप्शन टीम व विजलेंस विभाग द्वारा की जाने वाली उक्त कार्रवाई को लेखपाल संघ ने संदिग्ध बताया था। तहसील अध्यक्ष विक्रांत सिंह ने कहा कि एंटी करप्शन द्वारा सामान्य शिकायत के आधार पर वास्तविक तथ्यों का परीक्षण किए बगैर शिकायतकर्ता को उकसाकर स्वयं बोल-बोल कर शिकायती पत्र लिखवाया जाता है। इसके बाद लेखपाल को फंसाकर गिरफ्तार कर लिया जाता है। अधिकांश प्रकरणों में शिकायती पत्र में लिखित कार्य लेखपाल से संबंधित भी नहीं होता है और ना हीं लेखपाल द्वारा कोई रिश्वत की मांग की गयी होती है। मंत्री लव कुमार राय ने कहा कि तहसील निजामाबाद में कार्यरत लेखपाल रामदयाल त्रिपाठी एवं सगड़ी में कार्यरत लेखपाल यादवेंद्र यादव, रामायण भारद्वाज, केशपाल, सुजीत कुमार के ऊपर एंटी करप्शन टीम व विजलेंस विभाग द्वारा फर्जी ढंग से कार्यवाही की गई है।
ऐसे अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए। वहीं लालगंज संवाददाता के अनुसार शनिवार को एंटी करप्शन व विजिलेंस टीम द्वारा जबरन ट्रैप की कार्रवाई पर रोक लगाए जाने के विषय पर दर्जनों लेखपाल अरुण कुमार गुप्ता के नेतृत्व में तहसील दिवस का बहिष्कार किया। इसके बाद मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन उप जिलाधिकारी लालगंज को सौंपा। उन्होंने कहां की साजिशकर्ताओं द्वारा पैसा लेने के आधार पर लेखपाल को बिना रिश्वत स्वीकार किये ही गिरफ्तार किया जा रहा है।
सोनभद्र में विजिलेंस की कार्रवाई पर भड़का संघ, दिया धरना
एंटी करप्शन टीम की ओर से लेखपालों को साजिशन फंसाए जाने का आरोप लगाते हुए लेखपाल संघ ने शनिवार को कार्य बहिष्कार किया। चारों तहसीलों में धरना देकर मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपा। धरने में वक्ताओं ने कहा कि विभिन्न कारणों और स्थानीय राजनीति को लेकर विधि विरुद्ध कार्य कराने में असफल असंतुष्ट व्यक्ति लेखपालों के खिलाफ साजिश कर उन्हें फंसा रहे हैं। इस तरह की कई घटनाएं हो चुकी हैं। एंटी करप्शन टीम की तरफ से सामान्य शिकायत के आधार पर वास्तविक तथ्यों का परीक्षण किए बिना कार्रवाई की जाती है। ऐसे मामलों में कार्रवाई के पूर्व जांच अवश्य कर ली जाए। इन तथ्यों के दृष्टिगत एंटी करप्शन और विजिलेंस विभाग को विस्तृत दिशा निर्देश निर्गत करने की मांग की।
रॉबर्ट्सगंज तहसील में अध्यक्ष संजय सिंह, साजिद खां वारसी, पंकज, विवेकानंद तिवारी, सुधीर पटेल, श्रीभगवान, कन्हैयालाल, हरेंद्र प्रसाद आदि शामिल रहे। वहीं घोरावल तहसील में अध्यक्ष गोपेंद्र पांडेय, मंत्री अजय विक्रम सिंह, एसपी गुप्ता, योगेंद्र यादव, सरदार भगत सिंह आदि ने धरना दिया।दुद्धी तहसील परिसर में लेखपाल संघ ने विरोध प्रदर्शन कर एडीएम सहदेव मिश्र को ज्ञापन सौंपा। इसमें लेखपाल संघ अध्यक्ष विनय कुमार गुप्त, लालबाबू, प्रवीण, संतोष यादव आदि शामिल रहे।