विशेष न्यायाधीश (एमपी-एमएलए) यजुवेंद्र विक्रम सिंह की अदालत में सोमवार को अमेरिका में ब्राउन यूनिवर्सिटी में भगवान श्रीराम पर कथित टिप्पणी के मामले में दायर निगरानी अर्जी पर सुनवाई हुई। निगरानी अर्जी पर पक्षों को सुनने के बाद अदालत ने आदेश सुरक्षित रख लिया। मामले में 10 जून को आदेश आ सकता है।
निगरानीकर्ता ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी को भी पक्षकार बनाया है, मगर विपक्षी की ओर से अभी कोई उपस्थित नहीं हुआ है। प्रकरण के अनुसार हरिशंकर पांडेय ने अदालत में निगरानी अर्जी दाखिल की है। इसमें कहा गया कि लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी 21 अप्रैल को अमेरिका के बोस्टन पहुंचे थे। वहां ब्राउन यूनिवर्सिटी में छात्रों के साथ उनका एक सत्र आयोजित था। आरोप है कि इस दौरान राहुल गांधी ने भगवान श्रीराम को लेकर विवादित बयान दिए थे। इससे हिंदू समाज के लोगों की भावनाएं आहत हुई थीं।
उन्होंने भगवान राम को पौराणिक बताया था और उस युग से जुड़ी कथाओं को काल्पनिक कहा था। साथ ही भगवान राम के अस्तित्व पर सवाल उठाकर धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने का आरोप लगाया गया है। अर्जी में यह भी कहा गया है कि इस संबंध में अवर न्यायालय में परिवाद पत्र दाखिल किया गया था, जिसे न्यायालय ने सरसरी तौर पर तथा पोषणीयता के आधार पर खारिज कर दिया। निगरानीकर्ता ने अपनी निगरानी अर्जी स्वीकार किए जाने की गुहार लगाई है।