गाजीपुर में विनीत राय हत्याकांड के चार नामजद कटरा गैंग के सरगना शंकर पांडेय, आलोक दुबे, कमलेश चौधरी व सोनू यादव पर पुलिस ने 50- 50 हजार रुपये का इनाम घोषित किया है। साथ ही तीन अज्ञात हत्यारोपियों में दो को पुलिस ने चिह्नित कर लिया है। यहीं नहीं 24 से अधिक संदिग्धों को हिरासत में लेकर पुलिस विधिक कार्रवाई में जुटी हुई है।
होटल एसोसिएशन के अध्यक्ष व बिंदु होटल मालिक आलोक राय के पुत्र विनीत राय हत्याकांड में पुलिस ने सात हत्यारोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की थी। इसमें चार आरोपी कटरा गैंग का सरगना शंकर पांडेय, आलोक दुबे, कमलेश चौधरी व सोनू यादव के खिलाफ नामजद है, जबकि तीन आरोपी अज्ञात हैं।
हत्यारों को गिरफ्तार करने के लिए लगातार दे रही दबिश और बढ़ती चुनौती के बीच पुलिस ने चारों नामजद हत्यारों के खिलाफ 50 - 50 हजार रुपये का इनाम घोषित कर दिया। साथ ही इन सभी की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश बढ़ा दी गई है, जिससे आरोपियों को गिरफ्तार कर सख्त कार्रवाई की जा सके।
यहीं नहीं हत्याकांड के तीन अज्ञात आरोपियों में दो को चिह्नित करने में पुलिस सफल हो चुकी है। ऐसे में इन चिह्नित हत्यारों को गिरफ्तार करने के लिए पूरी मुस्तैदी से जुटी हुई है। जबकि हिरासत में लिए गए 24 से अधिक संदिग्धों से पूछताछ और गैंग के पूरे नेटवर्क को खंगाल रही है, जिससे कटरा गैंग के नेटवर्क और दहशत को पूरी तरह से समाप्त किया जा सके।
रसूखदारों का सिर पर हाथ, फरारी व जेल में रहने पर पैसे की करते हैं पूर्ति
कटरा गैंग के सरगना शंकर पांडेय के सिर पर रसूखदारों का हाथ है। कुख्यात शंकर पांडेय के जेल में रहने और फरारी के दिनों में उसको पैसे की पूर्ति करने का काम करते हैं। सूत्रों की मानें तो शंकर पांडेय के पास रसूखदारों बहुत लंबी फौज है। यहीं नहीं वह रसूखदार भी कटरा गैंग के नाम पर धाक जमाते हैं। सबसे बड़ी बात तो यह है कि रसूखदार ही उसकी आर्थिक रूप से मदद ही नहीं करते हैं, उसके जेल जाने और जेल से बाहर आने के लिए जमानतदार और धन की पूरी व्यवस्था करते हैं।