अवैध स्टैंड के खिलाफ अभियान चलाने के मुख्यमंत्री के आदेश का कोई विशेष असर नहीं दिख रहा है। पुलिस भले ही अवैध स्टैंड बंद होने के दावे कर रही हो, लेकिन अब भी चौकाघाट, कैंट रेलवे स्टेशन, अस्सी, मैदागिन सहित अन्य जगहों पर चार पहिया से लेकर बसों में बेधड़क सवारियां भरी जा रही हैं।
मुख्यमंत्री के निर्देश पर पिछले दिनों ही अवैध स्टैंड और अतिक्रमण के खिलाफ अभियान चलाने का आदेश जारी हुआ था। इसके बाद नगर निगम, पुलिस, परिवहन और यातायात पुलिस की ओर से संयुक्त अभियान चलाया जा रहा है। शुरुआत में तो थोड़ा बहुत असर दिखा लेकिन अब फिर सब पहले जैसा ही दिख रहा है। सोमवार को दोपहर में चौकाघाट लकड़ी मंडी के पास सड़क किनारे बस खड़ी कर चालक और खलासी सवारी भरते नजर आए, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई। उधर, कैंट रेलवे स्टेशन के सामने फ्लाईओवर के नीचे भी बस और चार पहिया वाहन खड़े नजर आए। यहां से भी सवारियां बेधड़क भरी जा रहीं थीं। ऐसा नहीं है कि यहां पुलिस नहीं थीं, लेकिन उसका कोई असर नहीं दिख रहा था। अवैध स्टैंड की बात करें तो अब भी अस्सी घाट से पहले और रेलवे मंडलीय अस्पताल के आगे भी बसें खड़ी की जा रही हैं।
अतिक्रमण के खिलाफ चलाया अभियान
सीएम के सख्त आदेश के बाद वाहन स्टैंड और अतिक्रमण के खिलाफ सोमवार को अभियान चलाया गया। इस दौरान नगर निगम कर अधीक्षक संतोष कुमार के नेतृत्व में मैदागिन चौराहे पर ठेला, पटरीवालों के खिलाफ अभियान चलाया गया। सड़क किनारे गाड़ी खड़ी करने वालों पर भी कार्रवाई की गई। मैदागिन क्षेत्र में अवैध स्टैंड के खिलाफ भी कार्रवाई दिन भर चलती रही।