मुख्य शूटर डेढ़ साल बाद लखनऊ में हुआ था ढेर
30 सितंबर 2019 की दोपहर सदर तहसील से कामकाज निपटा कर नितेश अपने बुलेट प्रूफ वाहन में बैठने ही जा रहे थे कि तभी उन पर शूटर गिरधारी और साथियों ने अंधाधुंध फायरिंग कर हत्या कर दी थी। नितेश को छह गोलियां लगी थीं। दोनों बदमाश आसानी से भाग निकले थे।
अत्याधुनिक लाइसेंसी असलहे से लैस रहने वाले बबलू को शूटरों ने संभलने का मौका तक नहीं दिया था। उस समय पुलिस की तफ्तीश में सामने आया था कि पूर्वांचल के एक पूर्व बाहुबली सांसद के करीबी चोलापुर के रहने वाले शूटर कन्हैया विश्वकर्मा उर्फ डॉक्टर उर्फ गिरधारी ने चार साथियों के साथ फायरिंग की थी।
नीतेश और मऊ के गोहना पूर्व ब्लॉक प्रमुख अजीत सिंह हत्याकांड में मुख्य शूटर रहा गिरधारी 15 फरवरी 2021 को लखनऊ में पुलिस के साथ हुई मुठभेड़ में मारा गया था। गिरधारी पर वाराणसी पुलिस ने एक लाख का इनाम घोषित किया था। आजमगढ़ के एक सफेदपोश के शिवपुर के फ्लैट में गिरधारी रुका था।