बलिया के बैरिया विधायक सुरेंद्र सिंह ने महाराष्ट्र सरकार के घटनाक्रम का जिक्र करते हुए कहा शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे ने जो निर्णय लिया है, वह आत्मघाती निर्णय है। इसका भुगतान उन्हें भविष्य में भुगतना पड़ेगा।
महाराष्ट्र में सरकार के बहुमत साबित कैसे करेंगे सवाल पर कहा राजनीति में हर प्रयास सार्थक व सही माना जाता है। कहा जब अपना सगा दगा दे गया तब पराये को ही न अपना बनाना है। विधायक सुरेन्द्र सिंह ने कहा विपक्ष के जितने नेता हैं बीजेपी को छोड़कर सभी नेताओं को डर है कि हमारे नेता टिकाऊ नही है बिकाऊ है।
इसलिए वे अपने विधायकों को होटल में बंधक बनाकर रख रहे हैं। एनसीपी व शिवसेना को राजनैतिक ड्रामा पार्टी कहा, रा भर रोल करेंगे और सुबह असली रूप में आ जाएंगे। वही हाल है शरद पवार व उद्धव ठाकरे जी का कि रातभर राजा का रोल करेंगे और सुबह भिखारी के रूप में आ जाएंगे। वही एनसीपी प्रमुख शरद पवार की तुलना नर्तकी से करते हुए कहा कि जिस तरह एक नर्तकी अपनी बात मनवाने के लिए किसी के साथ कुछ भी कर सकती है वही हाल शरद पवार का है।
बीएचयू के संस्कृत विभाग में मुस्लिम टीचर डॉ फिरोज खान की नियुक्ति को लेकर उन्होंने कहा गुरु गुरु होता है। चाहे वह हिंदू हो या मुश्लिम कहा हमें तो और भी गर्व होना चाहिए कि कोई मुश्लिम शिक्षक संस्कृत पढ़ता है। विधायक सुरेंद्र सिंह ने कहा मैं तो फिरोज खान को माला भी पहनाउंगा। विद्वान की कोई धर्म और जाति नहीं होती है। बड़ा चिंतन होना चाहिए और छात्रों को अपना आंदोलन तुरंत समाप्त कर देना चाहिए।