सांसद ने कहा कि मुख्तार अंसारी को जनता का लगातार समर्थन मिलता रहा। उन्होंने कहा कि मुख्तार ने जेल में रहते हुए भी चुनाव लड़ा और जनता ने उन्हें पांच बार विधायक चुना। उनका कहना था कि मुख्तार का लोगों से गहरा जुड़ाव था और उन्होंने जरूरतमंदों की हरसंभव मदद की। यही वजह है कि आज भी बड़ी संख्या में लोग उन्हें याद करते हैं।
अफजाल अंसारी ने कहा कि जिन लोगों की मदद मुख्तार ने की, वे आज भी उनके प्रति सम्मान का भाव रखते हैं। उन्होंने कहा, 'जो मुख्तार का है, वह मुख्तार का ही रहेगा। सोने में तौल दोगे तब भी वह मुख्तार की ही जय बोलेगा।'
गौरतलब है कि मुख्तार अंसारी की मौत के बाद उनके परिजनों ने भी समय-समय पर उनकी मौत को लेकर सवाल उठाए हैं। वहीं प्रशासन और सरकार की ओर से पहले ही स्पष्ट किया जा चुका है कि मामले में नियमानुसार कार्रवाई और जांच की गई थी। अफजाल अंसारी के ताजा बयान के बाद एक बार फिर यह मामला चर्चा में आ गया है।