उत्तर-पूर्व रेलवे का महत्वपूर्ण स्टेशन मुगलसराय का नाम बदल कर पंडित दिनदयाल उपाध्याय जंक्शन कर दिया गया है। सोमवार को प्रदेश सरकार द्वारा अधिसूचना जारी कर दी गई। इसको भाजपाई लंबे संघर्षों की जीत बताई है। सरकार के इस निर्णय को सच्चे महापुरुष को सच्ची श्रद्धांजलि बताई।
मुगलसराय रेलवे स्टेशन का नाम बदल कर एकात्म मानववाद के प्रणेता पंडित दिनदयाल उपाध्याय के नाम पर रखने की मांग लम्बे समय से की जा रही थी। रेलवे ने एक वर्ष पहले स्टेशन का नाम बदलकर पंडित दीनदयाल उपाध्याय कर दिया और अनापत्ति के लिए राज्य सरकार के पास भेजा था।
सोमवार को राज्य सरकार ने भी नाम बदलने की अधिसूचना जारी कर दी। इसकी सूचना मिलते ही संघर्ष कर रहे लोगों में खुशी की लहर दौड़ गई। पंडित दीनदयाल उपाध्याय के निर्वाण स्थली पर एक वर्ष पहले 25 सितंबर को रेल अधिकारियों से कहकर स्मृति के रूप में खंभा नंबर 1276 लगवाने वाले स्वदेशी जागरण मंच के अध्यक्ष आनंद श्रीवास्तव ने इसे महापुरुष को सच्ची श्रद्धांजलि बताई।
उन्होंने रेल प्रशासन से पंडित जी की मूर्ति स्थापित करने, निर्वाण स्थली तक पहुंचने के लिये चिन्ह बनाने की मांग की। भाजपा के नगर अध्यक्ष डॉ विश्वनाथ चौहान ने भी इसे लंबे संघर्ष की जीत बताया।
कहा कि इससे पंडित जी के विचारों का प्रसार होगा। भाजयुमो के जिला मंत्री राहुल जायसवाल ने इस परिवर्तन के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को धन्यवाद दिया। कहा कि आजादी के बाद पहला ऐसा कार्य हुआ जिससे जिले चंदौली और पूर्वांचल के लोग गौरवान्वित होंगे।