विधायक मुख्तार अंसारी और पत्नी।
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आरोप यह लगाया है कि कुख्यात अपराधी को पंजाब सरकार बचाने की कोशिश कर रही है। अलका राय ने बताया कि वे अपने पति की हत्या के लिए पिछले 14 वर्षों से लगातार संघर्ष कर रही हैं और अपराधियों के खिलाफ खड़ी हैं। मुख्तार को बचाने का कांग्रेस का प्रयास न्याय की आस में खड़े सैकडों लोगों पर प्रहार की तरह है।
पंजाब सरकार पर हर बार बहाना बनाने और मुख्तार को नहीं भेजने का आरोप लगाते हुए कहा कि अगर मुख्तार की पेशी नहीं होगी तो न्याय कैसे मिलेगा? बताते चलें कि मुख्तार अंसारी वर्तमान समय में पंजाब के रोपड़ जेल में बंद हैं और उनको उत्तर प्रदेश लाने का प्रयास जारी है।
पिछले दिनों 21 अक्तूबर को प्रयागराज की एमपी/एमएलए कोर्ट में गाजीपुर के मामले में पेशी थी, जिसके लिए मुख्तार को लेने पुलिस और गाड़ियां पंजाब गई थी। पंजाब सरकार ने मुख्तार के लिए अलग से मेडिकल बोर्ड बनवाकर बीमारी का हवाला दिया और तीन महीने तक बेड रेस्ट की बात कही थी।
सरकार ने बीमारी की हालत में मुख्तार को भेजने से इनकार कर दिया था। इसके बाद गाजीपुर से गए एक इंस्पेक्टर, एक दरोगा समेत 14 सिपाही बैरंग गाजीपुर लौट आए थे, हालांकि तब से फिर कोर्ट स्तर पर प्रयास जारी है।