एक्सिस बैंक के खाते में 14,74,000 रुपये अपने एसबीआई बैंक के जरिए भेज दिए। 16 दिसंबर को कोर्ट द्वारा 29,74,0000 रुपये सिक्योरिट के तौर पर देने का आर्डर हुआ। फिर मैने पर्सनल लोन लेकर 29,74,000 रुपये इंडसइंड बैंक खाते में भेजे।जमानत राशि के रुप में 750000 रुपये पंजाब ग्रामीण बैंक खाते में भेजा।
इस तरह इन तीन बैंकों में कुल 51,98,000 रुपये आरटीजीएस किए। विजय खन्ना द्वारा बताया गया था कि आपका पैसा 48 से 72 घंटे में एकाउन्ट में वापस आ जाएगा। जब नहीं आया तो परिजनों से बातचीत की, तब मालूम चला कि साइबर जालसाजों के फेर में फंस गया। साइबर क्राइम थाने में दर्ज प्राथमिकी की विवेचना इंस्पेक्टर राकेश कुमार गौतम कर रहे हैं।