वाराणसी। मकर संक्रांति को लेकर बाजार में तिलकुट की खुशबू घुल चुकी है। शहर के विभिन्न इलाकों में लाई, चूड़ा, तिलकुट, गट्टा आदि का बाजार गुलजार है। मक्रर संक्रांति पर पतंगबाजी का भी चलन है। शहर के चौराहों से लेकर गलियों तक में पतंग, मांझे की दुकानों पर खरीदारी को बच्चों और युवाओं की भीड़ उमड़ रही है। रविवार छुट्टी का दिन होने के चलते दोपहर और शाम के वक्त बाजार में लोगों ने खरीदारी पर अधिक जोर दिया। पिछले साल की तुलना में इस साल पतंग-मांझे का दाम अधिक होने के बाद भी ग्राहकों का उत्साह कम नहीं हो रहा है। मकर संक्रांति पर्व में महज अब एक दिन का समय शेष रह गया है। लोक आस्था के इस पर्व को लेकर गंगा घाटों पर भी श्रद्धालुओं की अधिक भीड़ उमड़ती है।
बाजार में छाई रौनक
पिछले साल की तरह इस साल भी बाजारों में खिचड़ी की रौनक दिख रही है। हालांकि महंगाई के चलते लोग सामानों की खरीदारी में थोड़ी कटौती भी दिखा रहे हैं। लहुराबीर के लाई चूड़ा कारोबारी शंभूनाथ जायसवाल ने बताया कि खिचड़ी को लेकर लोग खूब खरीदारी कर रहे हैं।
पतंग खरीदने पर युवाओं ने दिया जोर
दालमंडी और औरंगाबाद इलाकों में पतंग-मांझे का कारोबार थोक में होता है। दोपहर में इन बाजारों में ग्राहकों की अधिक भीड़ रही। हाल यह रहा कि औरंगाबाद में कुछ देर के लिए जाम जैसी स्थिति हो गई। यहां पर थोक के साथ ही फुटकर में भी पतंग और परेती खरीदने के लिए लोग उमड़े। यही हाल शहर के विभिन्न इलाकों की बाजारों में रहा।
सामान दाम
लाई 36-38
चूड़ा 30-40
गट्टा 50-55
ढूंढ़ा गुड़ 55-60
पट्टी बादाम गुड़ 100-110
चीनी बादाम पट्टी 100-105
तिल पट्टी 140-150
तिल गजट 140-150
सेव लड्डू 75-80
बाजरा ढूंढ़ा 55-60
नोट-प्रति किलो सामान का दाम