काशी विद्यापीठ ब्लाक के महमूदपुर गांव में डायरिया फैल गया है। लोहता के निजी अस्पताल में शनिवार की शाम डायरिया पीड़ित एक बालिका की मौत हो गई जबकि 10 से अधिक लोग अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती हैं। पीएचसी के प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. ओपी शुक्ला रविवार को चिकित्सकों की टीम के साथ गांव में जाएंगे। डायरिया फैलने की वजह दूषित पानी की आपूर्ति बताई जा रही है।
इलाके के महमूदपुर गांव में उल्टी-दस्त की बीमारी का प्रकोप तीन दिन पहले शुरू हुआ। हफ्ते भर से बस्ती में सीवरयुक्त गंदे पानी की आपूर्ति को इसका कारण बताया जा रहा है। शुक्रवार को इस बीमारी की चपेट में आने के बाद इस गांव के नसरुद्दीन के परिवार के तीन लोग लोहता के निजी अस्पताल में भर्ती कराए गए थे। शनिवार की शाम इनमें से नसरुद्दीन की 10 वर्षीया पुत्री शमा परवीन की मौत हो गई। इसके अलावा उसके भाई मोहम्मद हलीम और और पुत्री सना की हालत गंभीर बनी हुई है। इनके अलावा बस्ती के 10 से अधिक लोग उल्टी-दस्त की चपेट में आ गए हैं। उनका उपचार अलग-अलग अस्पतालों में कराया जा रहा है।
देर शाम विद्यापीठ पीएचसी के प्रभारी चिकित्साधिकारी को गांव में डायरिया फैलने की जानकारी दी गई। उनका कहना है कि टीम रविवार को प्रभावित गांव में पहुंचेगी। कुओं, जलाशयों में ब्लीचिंग पाउडर और क्लोरीन की गोलियां छोड़ी जाएंगी।