फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Varanasi News: महाकुंभ का असर... होटल और क्रूज की बुकिंग 12 मार्च तक फुल, ऑनलाइन बुकिंग ज्यादा

Wed, 26 Feb 2025 05:09 PM IST
प्रगति चंद अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।

सार

Mahakumbh 2025: काशी में महाकुंभ की भीड़ का असर ऐसा कि होटल और क्रूज की बुकिंग 12 मार्च तक फुल है। महाकुंभ के चलते काशी के पर्यटन व्यवसाय में काफी तेजी आई है। 
विज्ञापन
महाकुंभ की भीड़ से गंगा में चलने वाली नाव, क्रूज सब फुल - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

महाकुंभ के चलते होटलों और क्रूज की बुकिंग 12 मार्च तक फुल हो गई है। सर्वाधिक बुकिंग महानगरों और कॉरपोरेट घरानों के अलावा महिला ग्रुप ने कराई है। इसमें ज्यादातर बुकिंग ऑनलाइन हुई हैं।

विज्ञापन


पर्यटकों की बुकिंग से काशी के पर्यटन व्यवसाय में तेजी आई है। मुंहमांगी कीमत के बावजूद भी बुकिंग नहीं हो पा रही है। गंगा किनारे होटलों में कमरे नहीं मिल रहे हैं। साथ ही काशी आकर गंगा में नौका विहार करने के लिए नाव और बजड़े बुक करने में भी लोगों को बेहद मुश्किल हो रही है। घाट किनारे के सभी होटल भी 20 मार्च तक फुल हैं। 

शंभु मांझी ने बताया कि महानगरों के व्यवसायियों के अलावा दक्षिण भारतीय पर्यटक भी यहां समूह में बुकिंग करा रहे हैं। बुकिंग ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों तरह से हो रही है। वाराणसी में पंजीकृत नावें 1500 के करीब हैं जबकि यहां 3000 के करीब नावों का संचालन हो रहा है।

विज्ञापन

संजीव साहनी ने बताया कि 35 से 50 व्यक्तियों के समूह को सर्वाधिक बुकिंग मिल रही है। होटल मार्केटिंग से संबंधित अधिकारी ने बताया कि होली के आसपास छोड़ दें तो इसके एक सप्ताह बाद तक होटलों की बुकिंग फुल है। टूरिस्ट प्रबंधक अनिल त्रिपाठी ने बताया कि महाकुंभ के चलते सभी होटल फुल हैं।

टूरिज्म वेलफेयर एसोसिएशन अध्यक्ष राहुल मेहता ने बताया कि ज्यादातर पर्यटक पांच दिन की बुकिंग करा रहे हैं। टूर ऑपरेटर अभिषेक सिंह के मुताबिक, मांग को पूरा करने के लिए आसपास के जिलों से छोटे चार पहिया वाहन मंगाने पड़ रहे हैं। टूर ऑपरेटर पैकेज में होटल के कमरों की बुकिंग के अलावा ट्रांसपोर्टेशन और नावों की बुकिंग भी करा रहे हैं।
विज्ञापन

धार्मिक त्रिकोण ने पर्यटन व्यापार को दी नई दिशा

महाकुंभ में काशी, प्रयागराज और अयोध्या के धार्मिक त्रिकोण ने यहां के पर्यटन को नई दिशा दी है। होटल व्यवसायी दीपक मिश्र ने बताया कि महाकुंभ जाने वाले पर्यटक प्रयागराज के बाद काशी और अयोध्या जा रहे हैं। इससे काशी के पर्यटन बाजार की विदेशी पर्यटकों पर निर्भरता खत्म हो गई है। साथ ही कोरोना काल के बाद काशी विश्वनाथ धाम ने काशी के पर्यटन की धुरी का काम किया है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें