महाकुंभ में कल्पवास कर रहे भक्त।
- फोटो : अमर उजाला
2013 के महाकुंभ और 2019 के कुंभ में भी रिसर्च
डॉ. वाचस्पति त्रिपाठी ने कहा कि 45 दिनों तक कल्पवासी रहकर जो आध्यात्मिक जीवन जीते हैं, वो ही इनके रोगों से लड़ने की प्रतिरोधक शक्ति का काम करती है। अब मेडिकल साइंस ने भी ये साबित कर दिया है। 2013 के महाकुंभ और 2019 के कुंभ में भी रिसर्च करने के लिए कुल सात वैज्ञानिक आए थे।
डॉ. त्रिपाठी ने कहा कि गंगा में सामूहिक तौर स्नान करने के बाद गंगा के पानी और मेला क्षेत्र में कई तरह के जीवाणुओं का संचार होता है। ये दूसरों में भी जाता है और ये नेचुरल इम्यूनिटी की तर्ज पर काम करती है।