ओमप्रकाश राजभर ने कहा कि पूर्वांचल में बीजेपी को तीन सीटें भी नहीं मिलेगी। हमारे पास हजारों से लेकर लाखों वोटर थे, जिसकी मदद से भाजपा ने यूपी चुनाव 2017 में पूर्वांचल में 100 से अधिक सीटें जीती थी। इस बार सुभासपा व बीजेपी का गठबंधन टूट गया है। इसलिए भाजपा तीन सीट भी नहीं जीत पाएगी।
अखिलेश यादव और मायावती के महागठबंधन और कांग्रेस को समर्थन देने के सवाल पर कहा कि पांच संसदीय सीट पर हमारे प्रत्याशी का नामांकन निरस्त हो गया था। महाराजगंज, बासगांव और खलीलाबाद में हमारे स्थानीय नेताओं ने महागठबंधन के प्रत्याशी को समर्थन दिया है। हमसे जिस भी पार्टी ने समर्थन मांगा है उसकी मदद की गई है।
सीएम योगी आदित्यनाथ के गढ़ गोरखपुर सीट के चुनाव पर कहा कि वहां पर हमारा प्रत्याशी दमदारी के साथ चुनाव मैदान में है। बीजेपी नेताओं के सुभासपा के अलग होने से फर्क नहीं पडऩे वाले बयान पर कहा कि यह तो 23 मई को पता चलेगा। सुभासपा ने बीजेपी से एक ही सीट मांगी थी और बदले में देश भर में समर्थन देने की बात कही थी लेकिन भाजपा ने हमें एक सीट भी नहीं दी।
वोट कटवाने के सवाल पर कहा कि हम महाराज सुहेलदेव के विचारों को जिंदा रखने की लड़ाई लड़ रहे हैं। उन्होंने बताया कि प्रदेश सरकार से इस्तीफा दिया है, मगर उसे अब तक मंजूर नहीं किया गया है। राष्ट्रीय स्तर पर भाजपा से कोई गठबंधन नहीं है।