किसी को बताने पर डरावनी बकरी के काट लेने की बात कहकर उसे डराया। पड़ोस के डॉक्टर के पास ले जाने पर मालूम चला कि बच्ची के साथ किसी ने गलत हरकत किया है। इस मामले में पीड़िता मां की तहरीर पर भेलूपुर थाने में अभियुक्त सोनू के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। अदालत में अभियोजन की ओर से सात गवाह परीक्षित कराए गए थे। अदालत ने गवाहों के बयान व साक्ष्यों के अवलोकन के बाद अभियुक्त को दोषी पाने पर सजा सुना दी।
विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो) अनुतोष कुमार शर्मा की अदालत ने छात्रा के अपहरण और दुष्कर्म मामले में अभियुक्त ध्रुव कुमार को दोषी पाते हुए 10 वर्ष की कड़ी कैद और 60 हजार जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माने की राशि से 80 फीसदी पीड़िता को क्षतिपूर्ति दी जाएगी।
विशेष लोक अभियोजक मृदुल मयंक अस्थाना के मुताबिक बड़ागांव के थाने के इस मामले में वादी की 17 वर्षीय बहन बड़ागांव स्थित एक विद्यालय में चार जुलाई 2019 की सुबह 7 बजे घर से कक्षा 12 में प्रवेश के लिए निकली थी। शाम तक घर नहीं लौटने पर उसके मोबाइल पर फोन किया गया तब स्विच ऑफ था। खोजबीन के बाद भी नहीं पता चला तब थाने में अपहरण का मुकदमा दर्ज किया गया।
विवेचना के दौरान तीन अगस्त 2019 को पीड़िता को बरामद किया गया और 19 अगस्त 2019 को जयसिंहपुर सुल्तानपुर निवासी अभियुक्त ध्रुव को गिरफ्तार किया गया। अदालत ने 5 गवाहों के बयान और पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्यों के अवलोकन के बाद अभियुक्त को नाबालिग के अपहरण और दुष्कर्म का दोषी पाया और सजा सुना दी।